मुजफ्फरनगर। सीएए के विरोध में हुए उपद्रव के मामले में जेल भेजे गए सादात हॉस्टल के चार छात्रों को शुक्रवार देर रात जेल से रिहा कर दिया गया। पुलिस ने जांच के बाद जेल चारों छात्रों को बेकसूर मानते हुए धारा-169 के तहत कार्रवाई करवाई की।
नागरिकता संशोधन कानून को लेकर 20 दिसंबर को शहर में हुए उपद्रव के मामले में पुलिस ने अब तक 47 मुकदमे दर्ज करते हुए कुल 75 लोगों को गिरफ्तार कर जेल भेजा था। इस दौरान सिविल लाइंस थाना पुलिस ने शहर के आर्यसमाज रोड स्थित सादात हॉस्टल से भी 40 छात्रों को हिरासत में लिया था, जिनमें से 28 को पूछताछ के बाद छोड़ दिया गया था। शेष 12 छात्रों को उपद्रवी मानते हुए जेल भेज दिया गया था। जेल भेजे गए सभी 75 लोगों में से तीन दिन पूर्व पुलिस ने चार लोगों को बेकसूर मानते हुए जेल से रिहा कराया था। शुुक्रवार को एक बार फिर पुलिस ने जेल भेजे गए चार छात्रों को बेकसूर मानते हुए जेल से रिहा कराया है। रिहा कराए गए सभी चारों युवक सादात हॉस्टल के छात्र हैं। इनमें जव्वाद अली पुत्र असगर निवासी जैदी फार्म मेरठ, मोहम्मद अली पुत्र गुलाम अली निवासी गंगोह सहारनपुर, अब्बास रजा पुत्र मजहर निवासी हुसैनाबाद जनपद मऊ और मिलहाक पुत्र फिरोज निवासी गांव धौलड़ी मेरठ शामिल हैं। एसएसपी अभिषेक यादव ने बताया कि चारों छात्र जांच के बाद बेकसूर पाए गए हैं। इसके चलते उनकी जेल से रिहाई के लिए धारा-169 के तहत कार्रवाई कराई गई थी, जिसके चलते कोर्ट के आदेश पर शुक्रवार देर रात इन चारों छात्रों को जेल से रिहा कर दिया गया है।