साइबर क्राइम थाना एनआईटी की टीम ने पकड़े आरोपी
आरोपियों को यूपी के आगरा व मुज्जफरनगर से गिरफ्तार किया
अमर उजाला ब्यूरो
फरीदाबाद। साइबर ठगों को बैंक खाते मुहैया कराने के आरोप में चार लोगों को साइबर क्राइम थाना एनआईटी की टीम ने गिरफ्तार किया है। दो आरोपी यूपी के आगरा और दो मुज्जफरनगर के रहने वाले हैं। पुलिस प्रवक्ता यशपाल सिंह ने बताया कि दो आरोपियों को पूछताछ के बाद जेल भेजा गया है। दो अन्य आरोपियों को रिमांड पर लेकर टीम पूछताछ कर रही है।
पहले मामले में शेयर बाजार में निवेश पर मुनाफे का झांसा देकर 36.87 लाख रुपये की ठगी में साइबर क्राइम थाना एनआईटी की टीम ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों में यूपी के आगरा निवासी भानू प्रताप और धर्मवीर शामिल हैं। पूछताछ में सामने आया कि भानू प्रताप ने धर्मवीर को ठगों से मिलवाया और उसका बैंक खाता लेकर ठगों को दिया था। धर्मवीर के खाते में ठगी के 1.75 लाख रुपये आए थे। आरोपी धर्मवीर प्रॉपर्टी का काम करता है और भानू प्रताप चाय की दुकान चलाता है। आरोपियों को पूछताछ के बाद अदालत में पेश कर जेल भेज दिया गया है। ठगी की यह वारदात एनआईटी एरिया के रहने वाले व्यक्ति से हुई थी।
दूसरे मामले में टेलीग्राम टास्क के नाम पर 2.47 लाख रुपये की ठगी में खाताधारक व खाता उपलब्ध कराने के आरोप में दो लोगों को साइबर क्राइम थाना एनआईटी की टीम ने गिरफ्तार किया है। आरोपियों में यूपी के मुज्जफरनगर निवासी गुलसार और सारिक शामिल हैं। गुलसार का खाता लेकर सारिक ने ठगों को दिया था। इस खाते में ठगी के 40 हजार रुपये आए थे। गुलसार पीओपी का काम करता है और सारिक लकड़ी की दुकान पर काम करता है। आरोपियों को दो दिन के रिमांड पर लेकर टीम पूछताछ कर रही है।