- अब तक चरथावल-थानाभवन मार्ग को चार लेन नहीं बनाया जा सका
- पुरकाजी-लक्सर मार्ग के यूपी के हिस्से पर अभी तक कार्य शुरू नहीं हुआ
अमर उजाला ब्यूरो
मुजफ्फरनगर। विकास के लिए मार्गों के निर्माण का एलान हुआ, लेकिन अब तक कार्य शुरू नहीं हो सका। पानीपत-खटीमा मार्ग और दिल्ली-सहारनपुर से जोड़ने के लिए चरथावल-थानाभवन मार्ग को राष्ट्रीय राजमार्ग बनाने की मांग अरसे से सड़क एवं परिवहन मंत्रालय में लंबित है। क्षेत्रवासी इसकी मंजूरी के लिए काफी दिनों से मांग करते आ रहे हैं। इस मार्ग के बनने से क्षेत्र की व्यापारिक क्षेत्र में उन्नति होगी।
लोकसभा चुनाव से पहले केंद्रीय सड़क एवं परिवहन मंत्री नितिन गड़करी ने मुजफ्फरनगर रैली में भी पौराणिक तीर्थ शुकतीर्थ से करनाल तक फोरलेन हाईवे बनाने की घोषणा की थी। चरथावल विधान सभा क्षेत्र के करीब 60 गांवों के लोगों को मुजफ्फरनगर-थानाभवन मार्ग को नेशनल हाईवे बनने से सीधा फायदा होगा। दरअसल, एनएच 709 एडी पानीपत खटीमा मार्ग और 707 बी सहारनपुर-दिल्ली मार्ग को यह मार्ग सीधे जोड़ेगा। इन दोनों मार्गों पर निर्माण कार्य प्रगति पर है। इसके निर्माण से हरियाणा, पंजाब से गुजरने वाले वाहनों को लाभ मिलेगा। इस योजना से जुड़ी शुकतीर्थ-करनाल मार्ग को मुजफ्फरनगर बाईपास से होते हुए चरथावल-थानाभवन-ऊन होते हुए करनाल तक बनाने की केंद्रीय मंत्री ने एलान किया था, लेकिन निर्माण शुरू नहीं हुआ।
जिले के लोगों को मिलेगा लाभ
पूर्व जिला पंचायत सदस्य राकेश वशिष्ठ कहते है इस मार्ग के बनने से तीन विधान सभा क्षेत्र के लोगों को फायदा होगा। व्यापार और शिक्षा से जुड़ी गतिविधियां बढ़ेगी। निर्माण जरूरी है।
प्रस्ताव भेजा, मंजूरी नहीं मिली
चरथावल के पूर्व सभासद गौरव त्यागी कहते हैं कि केंद्रीय राज्य मंत्री डॉ. संजीव बालियान ने चरथावल मुख्य मार्ग को एनएच में शामिल कराने का वादा किया था। मंत्री के हस्तक्षेप के बाद लोनिवि ने भारत सरकार को भेजे छह महीने से ज्यादा बीत गए। लेकिन मंजूरी नहीं मिल पा रही है।
लक्सर मार्ग का होना चाहिए निर्माण
शेरपुर चांचक निवासी सुनील बारी का कहना है कि लक्सर मार्ग का निर्माण होना चाहिए। कई बार घोषणा हो चुकी है, लेकिन यूपी के हिस्से में अभी तक कार्य शुरू नहीं हुआ।
निर्माण नहीं होने से परेशानी
सरदार देविंद्र खालसा का कहना है कि पुरकाजी-लक्सर मार्ग का निर्माण नहीं होने से परेशानी झेल रहे हैं। जिले की सीमा में करीब 15 किमी का टुकड़ा है। भारी वाहनों का आवागमन यहां पूरी तरह बंद है।
227 करोड़ से चौड़ीकरण का हुआ था एलान
पुरकाजी-लक्सर मार्ग के करीब 15 किलोमीटर के टुकड़े का चौड़ीकरण 227 करोड़ से कराने का एलान किया गया था। पुरकाजी-लक्सर मार्ग (334ए) के दो लेन पेल्ड शोल्डर सहित ईपीसी मोड़ के अंतर्गत चौड़ीकरण और सुदृढ़ीकरण के कार्य का खुद केंद्रीय मंत्री नितिन गड़करी ने घोषणा की थी, लेकिन हकीकत में मार्ग के दिन नहीं बदले हैं।