पुरकाजी में चार दिन पूर्व ग्राम केल्लनपुर में एक दलित युवक की पिटाई के मामले में बृहस्पतिवार को एसएसपी अनंत देव ने दोनों पक्षों के लोगों के साथ बैठक की। अफसरों ने ग्रामीणों से आपसी सौहार्द बनाए रखने की अपील करने के साथ ही कानून हाथ में लेने वालों के विरुद्ध रासुका की कार्रवाई करने की चेतावनी दी है। उन्होंने कुछ राजनीतिज्ञों को भी नसीहत दी कि राजनीति चमकाने के चक्कर में लोगों में दूरियां पैदा न करें। अपनी जिम्मेदारी निभाएं और ग्राम केल्लनपुर को कवाल जैसा बदनाम न होने दें।
केल्लनपुर गांव के प्राथमिक विद्यालय में एकत्र हुए दोनों पक्षों की बैठक में एसएसपी अनंत देव ने कहा कि जिले में कानून का राज चलेगा, किसी को भी दबंगई नहीं करने दी जाएगी। कानून हाथ में लेने वाले के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई के साथ ही एनएसए के तहत भी कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने कुछ राजनीतिज्ञों को भी नसीहत दी कि राजनीति चमकाने के चक्कर में लोगों में दूरियां पैदा न करें। अपनी जिम्मेदारी निभाएं और ग्राम केल्लनपुर को कवाल जैसा बदनाम न होने दें। कुछ लोग दूसरे के धर्मों पर उंगली उठाकर उनका अपमान कर रहे हैं, जो सरासर गलत है। एसएसपी ने ऐसे बाहरी लोगों से सतर्क रहने की अपील की, जो गांव में आकर लोगों को भड़काने का काम करते हैं। कप्तान ने ग्रामीणों को भी नसीहत दी कि जिले का एसएसपी उन्हें समझाने आए, यह बेहद शर्मिंदगी की बात है।
एसएसपी ने अंत में फिर ग्रामीणों को चेतावनी दी कि अगर किसी ने कानून हाथ में लेकर लोक व्यवस्था को छिन्न-भिन्न करने का प्रयास किया तो उसके विरुद्ध एनएसए के तहत कार्रवाई की जाएगी। इस दौरान एएसपी मणीलाल पाटीदार, एसडीएम सदर कुमार धर्मेंद्र, सीओ सदर योगेंद्र सिंह, एलआईयू इंस्पेक्टर धर्मेंद्र चौहान, गिरीश त्यागी, सचिन शर्मा, सतीश गुर्जर, मानसिंह गुर्जर, पाटी गुर्जर, सन्नी गुर्जर, सुक्कड़ सिंह, मनोज चौहान, डॉ ओपी गौतम, डॉ रंजीत गोर्सी, रूपचंद, रणधीर सिंह, ओम सिंह, अक्षय कुमार, चरण सिंह, सुनीत कुमार आदि मौजूद रहे।
गलत बयानबाजी को लेकर हंगामा
गाजियाबाद से आए राष्ट्रीय जनहित संघर्ष पार्टी के नेता भानु प्रताप एडवोकेट ने गांव में भरे पानी को लेकर प्रशासन के खिलाफ की गई टिप्पणी पर बैठक में हंगामा हो गया। एसएसपी ने उन्हें मुख्य मुद्दे पर अपनी बात रखने और बिना जानकारी के किसी बात को न उठाने के लिए कहा।
बाद में उन्होंने दलित युवक के साथ मारपीट करने वालों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग रखी। इसके अलावा थाना भोपा के ग्राम जौली निवासी बौधाचार्य अमित गौतम ने अपने भाषण में दलितों के साथ भेदभाव करने की बात कही तो लोगों ने हंगामा शुरू कर दिया। एसएसपी ने लोगों को समझा-बुझाकर शांत किया।
बैठक में भी चेहरों पर गुस्से के भाव
मारपीट की घटना को लेकर पुलिस ने दलितों और गुर्जर समाज के लोगों के बीच बनी दूरी को कम करने का भले ही प्रयास किया हो, लेकिन बैठक के दौरान भी दोनों पक्षों के लोगों के चेहरों पर गुस्से के भाव साफ झलक रहे थे।
जानकारी मिली है कि पहले दलित समाज के लोगों ने अपने पक्ष के लोगों के गांव में नहीं होने की बात कहकर बैठक में आने से इंकार कर दिया था। बाद में थाना प्रभारी ने उन्हें समझा-बुझाकर बैठक में आने के लिए तैयार किया। दलित ग्राम मेघा के इंटर कॉलेज में बैठक का विरोध कर रहे थे। इसके बाद प्रशासन ने ग्राम केल्लनपुर के प्राथमिक विद्यालय में बैठक करने का निर्णय लिया।
पीड़ित परिवार से मिले कांग्रेसी
कांग्रेसी नेताओं का एक प्रतिनिधिमंडल बृहस्पतिवार को ग्राम केल्लनपुर में जाकर पीड़ित परिवार से मिला और उन्हें हरसंभव सहयोग का आश्वासन दिया। इस दौरान पूर्व दीपक कुमार, महफूज राणा, मुकेश शर्मा, जमील अंसारी, अय्यूब जंग आदि मौजूद रहे।