मुजफ्फरनगर जिले के नए एसएसपी बबलू कुमार ने रविवार को पद भार ग्रहण कर लिया। वर्ष 2009 बैच के आईपीएस की पुलिसिंग कैसी होगी, इसको लेकर सभी निगाहें उन पर रहेेगी। पहले दिन वह अपने अधीनस्थ अधिकारियों से रूबरू हुए।
विधानसभा चुनाव से पहले जिले में कानून व्यवस्था को दुरुस्त रखना नए कप्तान के लिए चुनौती रहेगा। चुनाव आयोग पहले ही सूबे के सभी डीएम और एसएसपी को अपराधियों और असामाजिक तत्वों के खिलाफ सख्ती बरतने के निर्देश दे चुका है। मथुरा से मेरठ जोन के किसी जिले में पहली बार एसएसपी बने बबलू कुमार की क्राइम कंट्रोल के लिए क्या रणनीति रहेगी, यह महत्वपूर्ण है।
खास कर तीन साल पहले हुए दंगा प्रभावित क्षेत्रों के थानों शाहपुर, बुढ़ाना, फुगाना, भौराकलां, जानसठ, भोपा में शांति व्यवस्था कायम रखना जरूरी होगा। छेड़छाड़ और अन्य छोटी-छोटी घटनाएं संघर्ष और बवाल की वजह बन जाती है। वेस्ट यूपी में सक्रिय बड़े अपराधियों की गतिविधियों की नवागंतुक एसएसपी पहले से जानकारी रखते हैं।
वेस्ट जोन की एसटीएफ का एसएसपी रहते हुए उन्होंने नोएडा, गाजियाबाद में सक्रिय कई नामचीन अपराधियों को सलाखों की पीछे पहुंचाया था। जिले की कमान संभालने के बाद पुलिस लाइंस में कप्तान ने अपने अधीनस्थ पुलिस अफसरों से शिष्टाचार भेंट की। निवर्तमान एसएसपी दीपक कुमार को विदाई दी गई। एसपी देहात राकेश जौली, एसपी क्राइम प्रदीप गुप्ता, एसपी ट्रैफिक विनोद पांडेय, आरआई वीरेंद्र सिंह, सीओ शिवराज सिंह चौहान, डॉ. तेजवीर सिंह, सूक्ष्मप्रकाश आदि मौजूद रहे।