लखनऊ की संस्था किशोरी बहनों से मिलने घर पहुंची
खतौली।
खतौली के एक परिवार की दो नाबालिग किशोरियों को बाल संरक्षण गृह के बजाए जेल में भेज देने के मामले में लखनऊ से रिहाई मंच के महासचिव राजीव यादव खतौली पहुंचे। महासचिव ने घर पहुंचकर किशोरियों से घटनाक्रम की पूरी जानकारी ली और नाबालिग होने के साक्ष्य जुटाए।
खतौली पुलिस ने 29 दिसंबर 2017 में कुछ लोगों को गोकशी के आरोप में पकड़ा था और उनके विरुद्ध मामला दर्ज किया था। पुलिस गोकशी के आरोप में महिलाओं समेत नौ लोगों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। पुलिस पर आरोप था कि परिवार की दो नाबालिग बहनें जिनकी आयु 12 साल व दूसरी की 16 साल को बाल संरक्षण गृह भेजने के बजाए जिला कारागार में भेज दिया था। मीडिया रिपोर्ट के आधार पर राष्ट्रीय मानव अधिकार आयोग ने इस प्रकरण में मुजफ्फरनगर पुलिस को नोटिस भेजकर जवाब तलब किया था। सोमवार की शाम को लखनऊ की रिहाई मंच के महासचिव राजीव यादव मोहल्ला इस्लामनगर में किशोरियों के घर पर पहुंचे। राजीव यादव ने किशोरियों से बातचीत की। उन्होंने परिजनों से नाबालिग होने के सबूत भी लिए। उन्होंने बताया कि वे लखनऊ में डीजीपी से मिलकर उनको नाबालिग होने के साक्ष्य दिखाएंगे और इसके बाद मानवाधिकार आयोग से मिलेंगे। उधर, पुलिस का दावा है मेडिकल रिपोर्ट में चिकित्सक ने एक किशोरी की उम्र 19 वर्ष तथा दूसरी किशोरी की उम्र को 21 वर्ष दर्ज की थी। रिपोर्ट के आधार पर किशोरियां बालिग हैं।