पति समेत चार के खिलाफ उत्पीड़न का मामला दर्ज
पुरकाजी। तीन दिन पूर्व विवाहिता के साथ मारपीट कर तलाक देने के मामले में पुलिस ने पीड़िता की ओर से पति सहित चार लोगों के विरुद्ध दहेज उत्पीड़न और मारपीट का मुकदमा दर्ज किया है। पुरकाजी थाना क्षेत्र के ग्राम भोजाहेड़ी निवासी शहराना पुत्री अख्तर का निकाह 14 वर्ष पूर्व मुजफ्फरनगर के ग्राम सरवट हाजीपुरा निवासी आस मोहम्मद पुत्र नूरहसन के साथ हुआ था। आरोप है कि उसके ससुराल वाले काफी दिनों से प्रताड़ित करते आ रहे थे। 15 मई को उसका पति उसके साथ मारपीट कर उसे तलाक देकर पुरकाजी हाइवे पर छोड़कर चला गया था। विवाहिता द्वारा अपने मायके पहुंचकर घटना की जानकारी देने पर उसके परिजनों द्वारा रात में ही विवाहिता को घायल अवस्था में थाने लाकर पुलिस से आरोपियों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग करने पर पुलिस ने उसका डाक्टरी परीक्षण करा दिया था। पीड़िता ने थाने पर तहरीर देकर अपने पति सहित चार लोगों पर मारपीट करने और अपने पति पर तलाक देने और विरोध करने पर गले में रस्सी डालकर जान से मारने का प्रयास करने का आरोप लगाया था। पुलिस ने पीड़िता की तहरीर पर बृहस्पतिवार को उसके पति आस मौहम्मद, ससुर नूरहसन, सास आमना ,ननद गुलशन के विरुद्ध दहेज उत्पीड़न और मारपीट की धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है।
एसएसआई से नोकझोंक हुई थी
पुरकाजी। विवाहिता के मामले में उसके परिजन बुधवार को थाने पहुंचे थे, जहां पर पीड़ित पक्ष के साथ मुकदमा दर्ज करने को लेकर एसएसआई की नोकझोंक भी हुई थी। इस संबंध में इंस्पेक्टर विजय सिंह का कहना है कि पीड़ित पक्ष बुधवार को थाने आया था, उस वक्त मैं किसी सरकारी कार्य से बाहर गया हुआ था। इस पर एसएसआई पर मुकदमा दर्ज करने का दबाव बनाया था, जिसे लेकर पीडित पक्ष की एसएसआई के साथ नोकझोंक हो गई थी, जिसकी जानकारी की गई है। एसएसआई का कहना है कि मैंने मर्डर करने जैसी कोई बात नहीं कही है। केवल इतना कहा था कि इंस्पेक्टर साहब बाहर गए है, वो आएंगे तो मुकदमा दर्ज हो जाएगा, वैसे भी मामला मारपीट का है मर्डर का नहीं, जो अभी मुकदमा दर्ज किया जाए। इंस्पेक्टर ने बताया कि फिर भी मामले की जांच की जा रही है।