उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर में कोरोना संक्रमण बढ़ने के साथ ही कोरोना वैक्सीन का संकट भी गहराने लगा है। जनपद में कोरोना वैक्सीन खत्म होने के कारण लोगों को दूसरी डोज लगवाने के लिए भटकना पड़ रहा है। काफी संख्या में ऐसे लोग सामने आए हैं, जिनकी दूसरी डोज का समय निकलता जा रहा है और वैक्सीन खत्म हो रही हैं। पश्चिमी उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार मंडल से जुड़े व्यापारियों ने कलक्ट्रेट स्थित डीएम कार्यालय पर पहुंचकर कोरोना वैक्सीन खत्म होने के मामले को उजागर करते हुए प्रदर्शन किया।
संगठन के जिलाध्यक्ष गोपाल मित्तल ने यूपी के स्वास्थ्य मंत्री के नाम एक ज्ञापन सौंपा। इसमें कहा गया कि जनपद में कोविड-19 का संक्रमण रोकने के लिए को-वैक्सीन की डोज लगाई गई थी, लेकिन जिन लोगों और व्यापारियों ने वैक्सीन की पहली डोज ली थी, उन्हें दूसरी डोज नहीं दी जा रही है। इसकी वजह है कि को-वैक्सीन जनपद में खत्म हो चुकी है।
सरकारी और निजी सभी अस्पतालों में को-वैक्सीन नहीं होने से लोगों को भटकना पड़ रहा है। ऐसे में दूसरी डोज लगवाने के लिए सरकार और स्वास्थ्य विभाग द्वारा तय किया गया समय निकलता जा रहा है और पहली डोज लगवाना भी बेकार साबित हो रहा है।
गोपाल मित्तल ने कहा कि दूसरी डोज के लिए परेशान लोग रोजाना ही अस्पतालों में पहुंचकर वैक्सीन की उपलब्धता की जानकारी ले रहे हैं लेकिन स्वास्थ्य विभाग सही स्थिति जनता के सामने रखने के बजाय टाल-मटोल कर रहा है। उन्होंने कहा कि वैक्सीन का तत्काल प्रबंध कराते हुए दूसरी डोज लगवाई जाए।
ज्ञापन देने वालों में दीपक वर्मा, गोपाल मित्तल, दीपक नारंग, प्रमोद टांग, सतनाम सिंह हंसपाल, धर्मेन्द्र सिंह, अनुज जैन, राकेश गुप्ता, विपिन कुमार काका, परवेश कुमार, जितेन्द्र नौटियाल, नवीन कुमार, इन्द्रपाल और रविन्द्र कुमार आदि व्यापारी मौजूद रहे।