बुढ़ाना (मुजफ्फरनगर)। मेरठ-करनाल हाईवे पर फुगाना थाना क्षेत्र के लोई गांव में अवैध रूप से चल रहे श्रीदेव वाटर पार्क में नहाते हुए डूब जाने से पांच साल के पर्व उर्फ चिंटू की मौत हो गई। पर्व शिक्षक कपिल कुमार का इकलौते बेटा था। खेल विभाग की एनओसी के बिना संचालित वाटर पार्क का लाइफगार्ड हादसे के समय बीड़ी पीने गया हुआ था। बच्चे ने चिल्ड्रन जोन से निकलकर वयस्कों की लाइन में छलांग लगाई। पूल के किनारे बैठे परिजन जब तक पहुंचते उसकी मौत हो गई।
भौराकलां थाना क्षेत्र के सदरुद्दीननगर निवासी कपिल कुमार मौलाना अब्दुल कलाम आजाद जूनियर हाईस्कूल कसेरवा में शिक्षक हैं। रविवार को वह अपने बेटे पर्व, भतीजे एंजल, सूर्यांश, भतीजी अवनी और ममेरे भाई विकास के साथ नहाने के लिए वाटर पार्क में आए थे।
दोपहर करीब एक बजे बच्चे चिल्ड्रन जोन में नहा रहे थे और परिवार के सदस्य किनारे पर बैठे थे। अचानक चिंटू छलांग लगाते हुए व्यस्कों की कतार में पहुंच गया। परिजनों ने बताया कि हादसे के समय पूल पर तैनात लाइफगार्ड बीड़ी पीने गया हुआ था। मौके पर लाइफगार्ड और सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम नहीं थे।
हादसे के बाद वाटर पूल के कर्मचारी मौके से भाग गए। पुलिस मौके पर पहुंची और परिजनों से जानकारी ली। गमगीन परिजनों को पूल पर मौजूद लोगों ने ढांढस बंधाया। शिक्षक कपिल कुमार और अन्य परिजनों ने पुलिस कार्रवाई से इन्कार कर दिया।
परिजनों ने कार्रवाई से किया इन्कार
पूल में हादसा हुआ है। मृतक के परिजनों ने पुलिस कार्रवाई से मना कर दिया। घटना के संबंध में तहरीर आती है तो जांच कर कार्रवाई की जाएगी। - विश्वजीत सिंह, सीओ फुगाना
अवैध तरीके से चल रहा वाटर पूल
प्रभारी क्रीड़ाधिकारी भूपेंद्र यादव ने बताया कि लोई के पास संचालित श्रीदेव वाटर पार्क अवैध तरीके से संचालित है। खेल विभाग से एनओसी नहीं ली गई है। सालाना शुल्क भी जमा नहीं है। बच्चे की मौत के मामले में जांच कराई जाएगी। टीम गठित कर विभागीय कार्यवाही करेंगे। जिले में वर्तमान में 12 वाटर पूल संचालन की मान्यता है।
नहाने की जिद करने लगे बच्चे...मजबूर हुआ परिवार
बुढ़ाना। सदरुद्दीननगर निवासी शिक्षक कपिल के परिवार के विकास कुमार ने बताया कि बच्चे रोजाना नहाने की जिद कर रहे थे। रविवार को बच्चे नहीं माने तो अलग-अलग बाइक पर लेकर लोई गए थे। यहां पर नहाते समय हादसा हुआ है।
शिक्षक का इकलौता बेटा था पर्व
मासूम पर्व शिक्षक का इकलौता बेटा था। उसकी पत्नी गर्भवती है और जल्द ही मां बनने वाली है। पूरा परिवार खुशी का इंतजार कर रहा था लेकिन हादसे से परिवार पर गम का पहाड़ टूट पड़ा।
फाइलों से बाहर नहीं निकलते नियम
मुजफ्फरनगर। वॉटर पार्कों में आगंतुकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए व्यापक नियम लागू किए गए हैं। प्रत्येक पूल और राइड पर प्राथमिक चिकित्सा तथा सीपीआर में प्रशिक्षित प्रमाणित लाइफगार्ड्स तैनात रहने चाहिए। पार्क परिसर में मेडिकल रूम, आपातकाल के लिए एम्बुलेंस उपलब्ध रहनी चाहिए। पूल्स में गहराई के साफ बोर्ड भी लगाए जाएंगे। लाइफ जैकेट, लाइफबॉय और बचाव स्टिक्स जैसे जीवन रक्षक उपकरण हर पूल के पास तैयार मिलेंगे। पूल्स के चारों ओर फिसलन रोधी फर्श होगा। पानी की शुद्धता की नियमित जांच भी अनिवार्य होगी। बिजली के सभी कनेक्शनों को पूरी तरह से वॉटरप्रूफ और अर्थ-लीकेज सर्किट ब्रेकर (ईएलसीबी) से सुरक्षित बनाया जाएगा।
पर्व उर्फ चिंटू, फाइल फोटो