शुक्रताल-मोरना मार्ग पर आगरा के तीर्थ यात्रियों की बस सामने से आई प्राइवेट बस से टकरा गई। दोनों बसों की भिड़ंत से 30 से अधिक यात्री घायल हो गए। दुर्घटना होते ही बस में चीख-पुकार मच गई। पुलिस और स्थानीय नागरिकों ने मिलकर घायलों को मोरना पीएचसी भिजवाया।
बसों के चालकों को बड़ी मुश्किल से निकाला जा सका। अस्पताल से गंभीर रूप से घायल सात लोगों को जिला चिकित्सालय के लिए रेफर किया गया। अस्पताल में अचानक इतने मरीजों पहुंचने से अफरातफरी मच गई। डॉक्टरों को काफी मरीजों को उपचार अस्पताल में बाहर प्रांगण में ही करना पड़ा।
मुजफ्फरनगर के भोपा स्टैंड से मोरना रूट की प्राइवेट बस को चालक संदीप शुक्रवार सुबह लेकर चला। शुक्रताल-मोरना मार्ग पर स्वामी कल्याणदेव बालिका इंटर कॉलेज के पास अचानक सामने मारुति कार आ गई। संदीप ने कार को बचाने का प्रयास किया तो सामने से आगरा के श्रद्धालुओं को लेकर आ रही बस से उसकी बस जा भिड़ी।
दोनों बसें एक-दूसरे के भीतर घुस गई। बसों की भिड़ंत से यात्रियों में चीख-पुकार मच गई। दुर्घटना से अफरातफरी का माहौल हो गया। आसपास के लोगों ने खुद ही यात्रियों को निकालने का प्रयास किया। दोनों बसों के चालक संदीप और आगरा वाली बस का चालक दुर्गादास भी बसों के बीच बुरी तरह से फंसे हुए थे। दोनों को बड़ी मुश्किल से बाहर निकाला जा सका।
इसी बीच पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। करीब तीन दर्जन यात्रियों के घायल हो जाने से एक बार को पुलिस के भी हाथ-पैर फूल गए। तुरंत ही मोरना के पीएचसी से 108 एंबुलेंस मंगवाई गई और तुरंत घायलों को भर्ती कराना शुरू किया गया।
गंभीर हालत के चलते बस ड्राइवर संदीप मोरना, सुमित्रा ककराला, आजाद मखियाली, रामेश्वरी और लीलावती शुक्रताल, राजेश कुमार और वीरमती निवासी आगरा को जिला चिकित्सालय के लिए रेफर कर दिया गया। सीओ सूक्ष्म प्रकाश और भोपा प्रभारी निरीक्षक प्रीतम सिंह ने मौके पर जाकर घायलों सेे जानकारी ली और हरसंभव मदद कराई। दोनों बसों को घटनास्थल से हटवाया।
दुर्घटना में घायल लोग
आगरा के घायल यात्री देवीजोत, नत्थीलाल, रामबीर, रामनाथ, राममैटी, रतन सिंह, कस्तूरी देवी, मायादेवी, योगेंद्र, महेश कुमार, नूतन, लीलावती, राजेश कुमार, वीरमाना, चंद्रवती, मदन, कविता, कस्तूरी देवी, रामसेवक, दुर्गा प्रसाद्व के अलावा गांव ककराला की सुमित्रा, आजाद मखियाली, प्रमिला खाईखेड़ा, रामेश्वरी शुक्रताल, माया योगेंद्र नगर, सुंदरी मोरना, लीलावती, रामवती, रायश्री आदि सहित दर्जनों लोग घायल हो गए।
सड़क हादसों में युवक और महिला की मौत
खतौली कोतवाली के जंधेड़ी जाटान निवासी दलित राजेंद्र का पुत्र संजीवन (25) मोरना के गंगाराम क्लीनिक में कंपाउंडर का काम करता है। गुरुवार रात को वह बाइक से मोरना जानसठ रोड से अपने गांव जा रहा था। खाईखेड़ी के पास सामने से आई बस की चपेट में संजीवन की बाइक आ गई और मौके पर ही उसकी मौत हो गई। सूचना पर ककरौली कोतवाल पंकज त्यागी भी मौके पर पहुंच गए।
पुलिस ने आरोपी बस चालक को हिरासत में ले लिया। सूचना पर मृतक के भाई अनुज, विनय, विवेक, प्रिंस और माता बसंती का रो-रोकर बुरा हाल है। वहीं थाने के गांव चोरावाला निवासी महिला सेठो (55) पत्नी रोहताश कश्यप शुक्रवार सुबह अपने घर के कूड़े को सड़क किनारे डालने जा रही थी। इसी दौरान सड़क पर आए ईंटों से भरे ट्रैक्टर-ट्राली ने उसे टक्कर मार दी। जिसके चलते वह गंभीर रूप से घायल हो गई। परिजन उसे अस्पताल में लेकर गए, जहां उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई। पुलिस ने ट्रैक्टर को पकड़ लिया है।