किसान नेता जगबीर सिंह की हत्या में बीकेयू अध्यक्ष को नामजद कराया गया था। हालांकि अदालत से चौधरी नरेश टिकैत दोष मुक्त हो चुके हैं। इसके बावजूद दोनों पक्षों में मनमुटाव बार-बार जग जाहिर हो रहा था। कुछ गणमान्य लोगों ने आगे बढ़कर दोनों पक्षों के बीच सुलह की बात कराई।
दोनों परिवारों के बीच लगभग पिछले 50 साल से खींचतान चली आ रही थी। विधानसभा चुनाव 2022 से पहले भी समझौते के प्रयास हुए लेकिन कामयाबी नहीं मिल सकी थी। पूर्व मंत्री योगराज सिंह वर्तमान में रालोद गठबंधन से लोकसभा के टिकट के दावेदार हैं। ऐसे में उनके इस कदम के बड़े मायने निकाले जा रहे हैं।