मुजफ्फरनगर के मीरापुर कस्बे से सटे एक गांव में 18 माह की मासूम बच्ची की संदिग्ध परिस्थिति में मौत हो गई। चर्चा है कि नशेड़ी चाचा ने ही मासूम बच्ची की गले पर छुरी से वार कर हत्या कर दी। परिजनों ने बच्ची की मौत करंट से होना बता कर आनन फानन में शव को दफना दिया। घटना की थाने में रिपोर्ट दर्ज नहीं करायी गयी। आरोपी चाचा फरार है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
पुलिस के अनुसार ग्रामीणों ने सूचना दी थी कि रविवार प्रात: कस्बे के निकटवर्ती गांव के एक परिवार में उसकी महिलायें दैनिक कामकाज निपटा रही थी। इसी दौरान तीस वर्षीय युवक घर में घुसा और वहां खेल रही अपनी 18 माह की भतीजी को उठा लिया और छुरी से बच्ची का गला रेत दिया। बच्ची ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। बच्ची की मां के शोर मचाने पर आरोपी मौके से भाग निकला। बच्ची का पिता कामकाज के सिलसिले में घर से बाहर है। घटना के समय मृतका की मां व उसकी एक छोटी बहन मौजूद थी।
इस सूचना पर पुलिस गांव पहुंची और बच्ची के शव का परीक्षण किया। बच्ची के गले को काटने के स्पष्ट निशान होने के बाद भी परिजनों ने बच्ची का मरना बिजली के करंट से बताया और आरोपी के विरुद्ध कोई रिपोर्ट थाने में दर्ज नहीं करायी। परिजनों ने आनन फानन में बच्ची के शव को गांव के पास कब्रिस्तान में दफना दिया। आरोपी फरार है, जो शातिर किस्म का बताया गया है। जो पहले भी कई वारदात कर चुका है।
मीरापुर थानाध्यक्ष प्रभाकर केंतुरा का कहना है कि ग्रामीणों की ओर से सूचना बच्ची की गला काट कर हत्या की मिली थी, बच्ची के गर्दन पर निशान भी था, मगर बच्ची के परिजनों ने बिजली के करंट से मौत होना बताया और कोई भी कार्रवाई करने के लिये रिपोर्ट दर्ज नहीं करायी। फिर भी पुलिस बच्ची की मौत को संदिग्ध मानते हुए जांच में लगी है। बच्ची का चाचा फरार है।