आयुर्वेद दिवस पर आयोजित कार्यक्रम में मौजूद लोग।
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आयुर्वेद के प्रवर्तक महर्षि धनवंतरी जयंती पर स्वस्थ भारत के निर्माण का संकल्प लिया गया। सीडीओ आईएएस अंकित अग्रवाल ने कहा कि आयुर्वेद चिकित्सा पद्धति स्वस्थ जीवन के लिए रामबाण है। ऋषि मुनियों ने वर्षो की तपस्या के बाद मानव जीवन की रक्षा के लिए आयुर्वेद की खोज की।
रामपुर तिराहा स्थित स्वामी कल्याण देव राजकीय आयुर्वेदिक कॉलेज में आयोजित समारोह में मुख्य अतिथि सीडीओ अग्रवाल ने कहा कि आयुर्वेद प्रकृति पर आधारित चिकित्सा पद्धति है। आदि काल से स्वस्थ जीवन के लिए आयुर्वेद की अहम भूमिका है। मानसिक और शारीरिक रक्षा के लिए आयुर्वेद चिकित्सा को अपनाए। आयुर्वेद के क्षेत्र में गंभीर रोगों से बचाव के लिए शोध की आवश्यकता है।
प्राचार्य एवं अधीक्षक डॉ दिनेश कुमार मौर्य ने कहा कि आयुष मंत्रालय के निर्देश पर पूरे देश में राष्ट्रीय आयुर्वेद दिवस मनाया गया है। मधुमेह से बचाव के लिए जन जागरूकता का अभियान शुरु किया गया है। योगाचार्य डॉ भगवानदास ने योग के माध्यम से मधुमेह से बचाव का अभ्यास कराया। चिकित्सा अधिकारी डॉ अक्षय लाल, डॉ विपिन कुमार, डॉ अजय कुमार शर्मा, डॉ सुभाष चंद वर्मा ने मधुमेह के लक्षण, उपचार, बचाव और निदान की विस्तृत जानकारी दी। संचालन रवि शर्मा ने किया।
उधर, श्रीरामदत्तामल आयुर्वेदिक चिकित्सालय में धनवंतरी जयंती पर आयुर्वेदिक चिकित्सा पद्धति के प्रति चेतना जागृत की गई। सीडीओ अंकित अग्रवाल ने दीप प्रज्ज्वलित कर शुभारंभ किया। स्वास्थ्य शिविर में मधुमेह के रोगियों की जांच की गई। नीम, गिलोय आदि औषधीय पौधों का वितरण किया गया। क्षेत्रीय आयुर्वेदिक एवं यूनानी अधिकारी डॉ आशा बजाज ने आयुर्वेद के संदर्भ में विस्तृत जानकारी दी।