चरथावल। सीबीसीआईडी और पुलिस ने तीन साल पूर्व कोर्ट रूम में कुख्यात अपराधी विक्की त्यागी हत्याकांड में वांछित चल चल रहे दधेडू कलां के पूर्व प्रधान के पुत्र के घर की कुर्की की। बुधवार को मेरठ सीबीसीआईडी निरीक्षक ओमबीर सिंह और विजेंद्र सिंह ने विक्की त्यागी मर्डर केस में थाने में आमद कराई। सीबीसीआईडी की टीम थाने से एसएसआई मनोज चाहल और भारी पुलिस लेकर दधेडू कलां गांव में पहुंची।
वेस्ट यूपी के हाई प्रोफाइल विक्की मर्डर केस में वांछित चले रहे पूर्व प्रधान उस्मान के पुत्र शाहनजर के घर में रखे सामान की कुर्की करनी शुरू कर दी। शाहनजर के भाई एवं अन्य परिजन अलग कमरे में बैठ गए। शाहनजर के हिस्से की कुर्की के दौरान किसी ने कोई विरोध नहीं किया। दरअसल, एक महीने पहले कुर्की नोटिस चस्पा करने के बाद परिजनों से घर का अधिकांश सामान मौके से साफ कर दिया था। पुलिस ने उसके घर से सिर्फ गेहूं की खाली टंकी, पुराने बिछाने के कपड़े, आलमारी आदि ही बरामद कर सकी। उसके बाद पुलिस कुर्की की कार्रवाई कर वापस लौट गई। महिला कांस्टेबल भी मौजूद रही।
विदित हो कि विगत 16 फरवरी 2015 को कोर्ट रूम में जेल से पेशी पर आए शातिर अपराधी विक्की त्यागी को अधिवक्ता के वेश में युवक ने गोलियां बरसाकर हत्या कर दी थी। मृतक की मां सुप्रभा ने सिविल लाइन थाने में सागर मलिक, रंजनवीर, सीओ अनुज चौधरी और निरीक्षक सचिन मलिक समेत कई लोगों के खिलाफ हत्या का मुकदमा पंजीकृत कराया था, लेकिन शासन ने मामले की विवेचना सीबीसीआईडी के सुपुर्द कर दी थी। इस जांच एजेंसी ने जिसमें दधेडू कलां के शाहनजर और लुहारी खुर्द के सईद मुल्ला को साजिशकर्ता के रूप में वांटेड किया था। लेकिन मर्डर के सवा तीन साल बाद भी शाहनजर पुलिस के हत्थे नहीं चढ़ रहा है। पुलिस सूत्रों के मुताबिक आरोपी जेल में गैंगवार के खतरे के मद्देनजर पेश नहीं हो रहा है।