मोरना। मोरना शुगर मिल में बॉयलर का स्टीम पाइप तेज धमाके के साथ फट गया। इस दौरान चपेट में आकर तीन कर्मचारी लहूलुहान हो गए। इससे अफरातफरी मच गई। घायलों को जिला अस्पताल से मेरठ रेफर किया। पेराई बाधित होने से ट्रैक्टर-ट्रॉली और भैंसा-बुग्गी की कतार लग गईं। करीब 13 घंटे बाद पेराई आरंभ की।
दि गंगा किसान चीनी मिल, मोरना का पेराई सत्र चल रहा है। मंगलवार की रात में करीब 12 बजे टर्बाइन से होकर बॉयलर तक जाने वाला स्टीम पाइप तेज धमाके के साथ फट गया। इससे पास में काम कर रहे इंजीनियर रविंद्र कुमार, प्रभारी फोरमैन सैय्यद, खलासी सुदर्शन स्टीम की चपेट में आकर घायल हो गए। आसपास काम कर रहे कई लोग बाल-बाल बच गए।
इससे मिल में अफरा-तफरी मच गई। दहशत के मारे गन्ना चेन पर जमा किसान भाग खड़े हुए। हादसे की जानकारी मिलने पर अफसरों ने मिल की पेराई रुकवा दी। ट्रैक्टर-ट्रॉली और भैंसा-बुग्गी की कतार लग गईं। जीएम भोलानाथ यादव, मुख्य लेखाकार सीताराम अग्रवाल, सीईओ राधेश्याम पासवान समेत अधिकारी मिल परिसर में पहुंचे। किसानों का जमघट लग गया। पुराना पड़ जाने के कारण स्टीम पाइप फटने की बात सामने आई।
घायलों को जिला अस्पताल भेजा। वहां के डॉक्टरों ने उन्हें मेरठ रेफर किया। सेंटरों से पहुंचे गन्ने से लदे ट्रकों को सेंटर पर ही रोकने की सूचना कर दी। साथ ही गांवों में भी मिल में गन्ना लेकर नहीं आने की मुनादी कराई। हादसे के दौरान मिल में आए किसान गन्ना लेकर खड़े रहे।
बुधवार दोपहर एक बजे लगभग 13 घंटे बाद मिल की पेराई शुरू की गई। जीएम भोलानाथ यादव ने बताया हादसे में घायल तीन कर्मचारियों को उपचार दिलाया। फिलहाल उनकी हालत में सुधार बताया जा रहा है।