हादसे में घर का बुझ गया चिराग
चरथावल (मुजफ्फरनगर)। शामली जनपद के थानाभवन में हुआ भीषण हादसा गांव लुहारी खुर्द निवासी देवीचंद और उनकी पत्नी संगीता को जिंदगी भर का गम दे गया। शादी की खुशियों में शामिल होने के बाद लौटते समय रोहित की मौत से परिवार में कोहराम मच गया। घर का चिराग बुझ जाने से दंपती का रो-रोकर बुरा हाल है।
शुक्रवार को शामली में रिश्तेदारी में आयोजित शादी समारोह से लौटते समय थानाभवन में हुए हादसे में 12 वर्षीय रोहित की जान चली गई, जबकि उसकी बहन नीशू गंभीर रूप से घायल है। वहीं, उनके चचेेरे भाई विशाल को राहगीरों ने बस के नीचे से खींचकर बमुश्किल उसकी जान बचाई। दरअसल, बृहस्पतिवार को रोहित अपनी बहन नीशू और चचेरे भाइयों वरुण और विशाल के साथ अपनी बुआ के यहां शादी समारोह में शामली गया था। जहां से लौटते समय परिवार के साथ यह हादसा हो गया, जिससे शादी की खुशियां जिंदगीभर के गम में तब्दील हो गई। हादसे में बेटे की मौत व बेटी के घायल होने की जानकारी मिलते ही मां संगीता अब उस पल को कोस रही हैं, जब उसने इकलौते बेटे को शादी की खुशियां सेलीब्रेट करने के लिए भेजा था, लेकिन अब उसका बेटा कभी लौटकर नहीं आएगा। इकलौते बेटे को याद कर मां के साथ ही परिवार के सभी सदस्यों का बुरा हाल है। गौरतलब है कि देवी चंद व संगीता की चार बेटियां नीशू, निशा, रचना व प्रियांशी के साथ रोहित इकलौता बेटा था। पिता देवीचंद ईख छीलकर मजदूरी करते हैं, तो कभी चाट बेचकर परिवार का पालन-पोषण करता है। पीड़ित परिजन भाजपा नेता संजय सैनी के साथ हादसे के बाद शव लेने के लिए शामली के लिए रवाना हो गए हैं।