मुजफ्फरनगर। भोपा थाना क्षेत्र के गांव नंगला बुजुर्ग के जंगल में स्थित सिंचाई विभाग के खंडहर भवन में तमंचे बनाने की फैक्टरी चलाई जा रही थी। भोपा थाना पुलिस और क्राइम ब्रांच टीम ने छापा मार कर वहां से चाचा-भतीजे को गिरफ्तार कर लिया। मौके से भारी संख्या में बने अधबने तमंचे व तमंचे बनाने के उपकरण बरामद किए हैं। जबकि चाचा-भतीजे सहित तीन आरोपी मौके से फरार हो गए।
एसपी देहात आदित्य बंसल ने पुलिस लाइन में जानकारी दी कि एक सूचना के आधार पर पुलिस ने छापा मारा था। पुलिस ने दो आरोपी भोपा क्षेत्र के नया गांव निवासी अकरम उर्फ कग्गा व उसके भतीजे इसरार को मौके से गिरफ्तार कर लिया। जबकि अलीपुर तिस्सा निवासी इरशाद उर्फ बाबू व उसका भतीजा असलम तथा एक अन्य खेड़ी फिरोजाबाद निवासी अली नवाज उर्फ अलिया फरार हो गए।
पुलिस ने मौके से बने हुए 20 तमंचे व मस्कट तथा आठ नाल व तमंचे बनाने के उपकरण बरामद किए। गिरफ्तार अकरम पहले भी तमंचे बनाने के आरोप में जेल जा चुका है। फरार इरशाद उर्फ बाबू भी पूर्व में भी तमंचे बनाने के आरोप में जेल जा चुका है।
उन्होंने बताया कि फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए इनाम घोषित किया जाएगा। आरोपियों ने मीरापुर उपचुनाव में खूनखराबा के लिए तमंचे बनाने से इनकार किया है। गिरफ्तार आरोपियों का चालान कर दिया है। फरार आरोपियों की तलाश के लिए दो टीम बनाई हैं।
- पांच हजार रुपये में बेचते थे तमंचा
एसपी देहात ने बताया कि यह गिरोह पांच हजार रुपये में तमंचा बेचता था। काफी समय से यह गिरोह इस धंधे में लगा था। गिरफ्तार व फरार सभी आरोपियों को तमंचे बनाने में महारथ हासिल है।
- बरतते थे सावधानी
पुलिस ने बताया कि यह गिरोह बेहद शातिर है। गिरोह का एक दो सदस्य ही मोबाइल का इस्तेमाल करता था। सभी सदस्य मोबाइल नहीं रखते थे। किसी को भी एक बार में तमंचा नहीं बेचते थे। कई बार चक्कर काटने के बाद तमंचा बेचा जाता था।