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रोडवेज में मशीन ठप, हाथ से बन रहे टिकट

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बसों पर परिचालकों को नहीं मिल रही मशीन
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मुजफ्फरनगर। रोडवेज डिपो में डिजिटल इंडिया को आइना दिखाया जा रहा है। डिपो की बसों में टिकट बनाने के लिए ईटीआईएम नहीं है, जिसके चलते यात्रियों को टिकट हाथ से बनाकर जारी किए जा रहे हैं। टिकट मशीन की शिकायत लंबी दूरी पर चलने वाली बसों में अधिक है। दूसरी ओर मैनुअल के इस सिस्टम से किराए में खेल होने की भी आशंका है। डिपो से आला अधिकारियों को भी शिकायत दी गई है।
मुजफ्फरनगर डिपो की दर्जनभर से अधिक बसों को आगरा, बुलंदशहर, अलीगढ़, कानपुर, मथुरा, नई दिल्ली के साथ चंडीगढ़, पंजाब, पानीपत आदि मार्गों पर भी चलाया जाता है। सबसे अधिक बसों को लोकल मेरठ, मुजफ्फरनगर, देहरादून मार्ग पर लगाया गया है। डिपो में परिचालकों को टिकट बनाने के लिए ईटीआईएम (इलेक्ट्रानिक टिकट इश्यूइंग मशीन) दी गई। डिपो की बसों में डिजिटलाइजेशन का फटका लगाया जा रहा है। परिचालकों के हाथ में टिकट मशीन नहीं है। नतीजतन टिकट पुस्तिका के जरिये यात्रियों को टिकट दिए जा रहे हैं। यह शिकायत सबसे अधिक लंबी दूरी की बसों में सामने आ रही है। सवाल है कि सभी कार्य डिजिटल और पेपरलेस करने के मसौदे को डिपो में चपत लगाई जा रही है। साथ ही मैनुअल टिकटों से राजस्व को भी चूना लगाए जाने का अंदेशा है। एआरएम बीपी अग्रवाल ने बताया कि डिपो में टिकट मशीन खराब होने के कारण का टोटा है। पर्याप्त रूप से बसों पर ईटीआईएम नहीं है। ऐसे में परिचालक हाथ से टिकट बनाकर दे रहे हैं।
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50 बसों पर नहीं है ईटीआईएम
मुजफ्फरनगर। डिपो की करीब 50 बसों पर ईटीआईएम उपलब्ध नहीं है। नतीजतन इन बसों के संचालन पर सस्पेंस बना रहता है। परिचालकों को डिपो से हस्तपुस्तिका देकर रूट पर भेजा जा रहा है। हाथ से टिकट बनाकर देने में परिचालकों को यात्रियों के गुस्से का भी सामना करना पड़ रहा है। इसकी लगातार डिपो अधिकारियों को शिकायत मिल रही है, लेकिन कार्रवाई के नाम पर मामला ठंडे बस्ते में है।
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यह है ईटीआईएम का कार्य
मुजफ्फरनगर। यात्रियों को टिकट देने वाली ईटीआईएम रूट, किराया, यात्रियों की संख्या सबकुछ फीड होता है। डिपो के टीआई इसी मशीन की बदौलत परिचालक का टिकटों में किए जाने वाले खेल को पकड़ते हैं। क्योंकि मशीन में बस जहां से चली है और जांच होने तक उसमें कितने यात्रियों ने सफर किया है। परिचालक ने कितने के टिकट बनाए, बस में कितने यात्री है, इसकी एक पल में ही जानकारी मिल जाती है।
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