कमाई वाले रूटों को खंगालने में जुटे अफसर
मुजफ्फरनगर। दशहरा बीत गया है, अब रोडवेज डिपो दिवाली की कमाई के लिए तैयारी में जुट गया है। दिवाली के सीजन में कमाई का बम फोड़ने के लिए अफसर रूट की सूची खंगालने में लगे हैं। जिन रूट पर कमाई के साथ यात्रियों की संख्या अधिक रहती है, वहां अतिरिक्त बस सेवा जोड़ने पर मंथन किया जा रहा है। खासकर भैया-दूज पर्व पर बहनों के सफर को लेकर प्लानिंग की गई है।
दिवाली पर अमूमन बाजार से लेकर ट्रैफिक में भीड़-भाड़ रहती है। इस बार दिवाली पर्व को रोडवेज भी भुनाने की पूरी तैयारियों में लगा है। मौजूदा समय में बेहतर इनकम देने वाले रूट को खंगाला जा रहा है। इन मार्गों पर बीते वर्ष दीवाली पर हुई इनकम का आकलन किया जा रहा है, ताकि इस साल अधिक से अधिक डिपो की इनकम बढ़ाई जा सके। अफसरों ने डिपो के 30 से अधिक मार्गों की सूची को खंगाला है। इस समय सबसे अधिक इनकम देने वाले मार्ग में देहरादून-हरिद्वार, दिल्ली शुमार है। बीते वर्ष भैया-दूज पर्व पर रोडवेज को 80 से 10 रुपये की इनकम अतिरिक्त हुई थी। औसत रूप से डिपो की प्रतिदिन आए 20 से 22 लाख रुपये होती है, जो दिवाली पर बढ़ती है। एआरएम बीपी अग्रवाल ने बताया कि दिवाली को लेकर डिपो में तैयारियां की जा रही हैं, जहां भी जरूरत होगी, बसों को उस रूट पर लगाया जाएगा।
आनंद विहार जाएंगी बसें
मुजफ्फरनगर। दिवाली और भैया-दूज के मौके पर रोडवेज डिपो की बसों को आनंद विहार स्टेशन पर लगाकर मार्गों का प्रतिबंध हटाया जाता है, जबकि हरिद्वार के रोपडियो क्षेत्र में अतिरिक्त बस लगाकर यात्रियों को गंतव्य भेजा जाता है। डिपो इन दोनों स्थानों पर अपनी अतिरिक्त बसों को लगाता है। वर्तमान में डिपो के पास 138 निगम और 68 बसें अनुबंधित हैं।
50 चालक-परिचालक को भेजे गए नोटिस
मुजफ्फरनगर। दिवाली को लेकर चालक-परिचालकों की छुट्टी बंद रहती है। डिपो के खराब प्रदर्शन करने वाले चालक-परिचालकों का डाटा खंगाला गया है। विभागीय स्तर से करीब 50 चालक-परिचालकों को नोटिस भेजे गए हैं। इनमें कुछ गैरहाजिर हैं, जबकि अधिकांश अपना किलोमीटर क्षेत्र पूरा नहीं करने वाले संविदा चालक-परिचालक शामिल हैं।