मोरना मिल बन गया जंग का अखाड़ा
मोरना। डबल बांड को बंद कराने तथा चलाए जाने की मांग को लेकर मोरना क्षेत्र के किसानों और भाकियू कार्यकर्ताओं के बीच चल रही खींचतान को लेकर मोरना मिल जंग का अखाड़ा बन गया है। मिल में पहुंचे डीसीओ को भी किसानों के विरोध झेलना पड़ा। इस दौरान भाकियू कार्यकर्ताओं और किसानों के बीच भी कहासुनी हुई। किसानों के दबाव के चलते डीसीओ ने मिल अधिकारियों को मौके पर बुलाकर डबल बांड बंद करने के निर्देश दिए। मिल गेट के किसानों के गन्ना सट्टे की जांच कर सट्टे की पर्ची जारी करने की मांग की।
दि गंगा किसान चीनी मिल मोरना आजकल एक गन्ना सट्टा पर डबल गन्ना सप्लाई करने को लेकर मिल परिसर जंग का अखाड़ा बना हुआ है। मोरना क्षेत्र के किसान रामपाल, गुलबीर राठी, डायरेक्टर धीर सिंह, रालोद के बिन्नू राठी, राहुल, डायरेक्टर संजीव, विकास, टीटू, बाबूराम, बिंदर सिंह, श्यामबीर, चंद्रवीर सिंह, बिजेंद्र सिंह, टोनी आदि ने डीसीओ ओमप्रकाश यादव सहित खाईखेड़ी मिल के उपमहाप्रबंधक शाईम अंसार, वरिष्ठ प्रबंधक अरुण सिंह का घेराव किया। किसानों ने मिल अधिकारियों पर गन्ना माफिया से साठगांठ करने का आरोप लगाया। किसानों ने गेस्ट हाउस में हंगामा खड़ा कर दिया। किसानों ने जिला बिजनौर के रकबे की फर्जी खतौनी पर हजारों क्विंटल गन्ना पांच जगह पर गन्ना सट्टा चलाकर फर्जीवाड़ा का भी आरोप लगाया, जिस पर भाकियू कार्यकर्ताओं योगेश शर्मा, सवेेंद्र, बिट्टू प्रधान आदि के साथ आए गंगा खादर किसानों के साथ कहासुनी भी हो गई थी, जिससे माहौल गरमा गया था। भाजपा नेता अमित राठी, मिल चेयरमैन के पति देवेंद्र सिंह ने दोनों पक्षों को समझाबुझाकर शांत किया। डीसीओ ने मोरना मिल के मुख्य गन्नाधिकारी राजकुमार सिरोही व सीओ अखिलेश को मौके पर बुलाकर डबल बांड को बंद रखने तथा मिल गेट के किसानों की पर्ची जारी करने के निर्देश दिए। उन्होंने गन्ना माफिया की जांच कराकर उनके विरुद्ध कानूनी कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं।