धूमधाम से मनेगा विजय दिवस
मोरना। कारगिल विजय दिवस के अवसर पर कारगिल शहीद स्मारक शुक्रताल में 26 जुलाई को शहीदों की याद में कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा। जिसमें राष्टीय सैनिक संस्था के सदस्यों के अलावा क्षेत्र के गण्यमान्य लोग और सामाजिक कार्यकर्ता भाग लेंगे।
कार्यक्रम के दौरान भारतीय सेना की शौर्य गाथा सुनाई जाएगी। 1999 के कारगिल युद्ध में शहीद हुए वीर जवानों की याद में कार्यक्रम को स्वामी ओमानंद महाराज के सान्निध्य में राष्ट्रीय सैनिक संस्था और भाजपा कार्यकर्ताओं के द्वारा आयोजित किया जाता है। ब्रह्मलीन स्वामी कल्याण देव के अथक प्रयासों के द्वारा तत्कालीन सरकार से आग्रह किए जाने पर गंगाघाट पर कारगिल शहीद स्मारक बनवाया गया था। कारगिल युद्ध में शहीद हुए 527 जवानों ने अपनी प्राणों की आहुति देकर देश की रक्षा कर बलिदान दिया था। इस युद्ध में मुजफ्फरनगर के गांव बेलड़ा के फौजी अमेरशपाल, फुलत के सतीश कुमार, बढ़ेड़ी के नरेंद्र राठी, रिजवान ने देश की रक्षा करने में अपने प्राणों की आहुति दी थी।
पूर्व उपराष्ट्रपति ने की थी स्थापना, प्रशासन कर रहा उपेेक्षा
कारगिल युद्ध के शहीदों की याद में 25 फरवरी 2004 को कारिगल शहीद स्मारक की स्थापना पूर्व उपराष्ट्रपति भैरोसिंह शेखावत द्वारा की गई थी। जिसमें विजय एमके टैंक को भी रखा गया था और शहीदों की नेम प्लेट भी लगाई गई। स्मारक की देखभाल करने वाले राष्ट्रीय सैनिक संस्था के जिलाध्यक्ष कैप्टन सुरेशचंद त्यागी ने बताया कि शहीद स्मारक की बनी छत से बारिश होने के बाद पानी निकलने लगता है। स्मारक की साफ सफाई के लिए सरकार की ओर से कोई कर्मचारी तैनात नहीं किया गया है। पूर्व सैनिक चंदा कर इसकी मरम्मत कराते हैं। नमामी गंगे सदस्य डॉ. वीरपाल निर्वाल व अमित राठी ने बताया कि 26 जुलाई बुधवार की सुबह भारत माता के वीर सपूतों को श्रद्धांजलि दी जाएगी। वहीं राष्ट्रीय सैनिक संस्था के राष्ट्रीय अध्यक्ष कर्नल तेजेंद्रपाल वीर चक्र विजेता, जिला अध्यक्ष राजेंद्र राठी, कैप्टन ज्ञानेंद्र सहरावत, हरपाल, मांगेराम, हरिप्रकाश, सुधीश फौजी, जयपाल, जोगेंद्र आदि कार्यक्रम के आयोजन की तैयारियों में लगे हुए हैं।