जिले में 17 लोग मिले पॉजिटिव, दहशत फैली
मुजफ्फरनगर। शहर में शनिवार को आई जांच रिपोर्ट में 17 लोग कोरोना पॉजिटिव पाए गए हैं, इनमें से एक मरीज प्राइवेट लैब की रिपोर्ट में पॉजिटिव मिला है। खालापार के एक डॉक्टर के दो कर्मचारी भी पॉजिटिव मिले हैं। एक साथ शहर में 17 लोग कोरोना संक्रमित पाए जाने से नागरिकों में दहशत व्याप्त हो गई है, वहीं प्रशासन में हड़कंप मचा है। रात तक स्वास्थ्य विभाग की टीम पुलिस की मदद से मरीजों को कोविड अस्पताल बेगराजपुर भेजने की कार्रवाई में लगी थी। उधर, स्वास्थ्य विभाग ने डॉ मुकेश जैन के वर्धमान हॉस्पिटल की ओपीडी को दो दिनों के लिए बंद कर दिया है।
शनिवार दोपहर को सबसे पहले केस शहर कोतवाली के सूथराशाही मोहल्ले का मिला। यहां का निवासी यह व्यक्ति ऑपरेशन कराने डॉ मुकेश जैन के यहां गया था। प्राईवेट लैब में जांच कराई तो कोरोना पॉजिटिव मिला। जानकारी मिलने पर स्वास्थ्य विभाग की टीम ने उसे कोविड अस्पताल भेज दिया। साथ ही डॉ. मुकेश जैन के अस्पताल की ओपीडी भी दो दिनों के लिए सील कर दी। अस्पताल सैनिटाइज भी कराया गया। शाम को आई जांच रिपोर्ट ने प्रशासन के होश उड़ा दिए। 53 जांच रिपोर्ट में से 16 पॉजिटिव आई। जो सभी शहर के ही रहने वाले है। एडीएम वित्त आलोक कुमार ने बताया कि 16 केस में से 11 दक्षिणी खालापार के हैं। दो खालापार के एक डॉक्टर के स्टाफ है। इनके अलावा शहर के शिवनगर, आनंदपुरी, लद्दावाला मोहल्ले के एक-एक व्यक्ति है। सीएमओ डॉ. प्रवीण कुमार चोपड़ा ने बताया कि सूथराशाही के व्यक्ति ने प्राईवेट लैब में जांच कराई थी। खालापार में रैंडम सैंपल लिए थे, जिनमें 11 लोग पॉजिटिव आए हैं। वहीं पर एक डॉक्टर के दो कर्मचारी भी संक्रमित मिले है। इनके अलावा शिवनगर, आनंदपुरी कच्ची सड़क और लद्दावाला के लोगों ने तबीयत सही नहीं होने पर जिला चिकित्सालय में आकर सैंपल दिए थे। अब शिवनगर, लददावाला, आनंदपुरी, सूथराशाही, खालापार भी हॉटस्पॉट बनेंगे।
पांच मरीज और हुए ठीक
मुजफ्फरनगर। सीएमओ डॉ प्रवीण कुमार चोपड़ा ने बताया कि शनिवार को आई जांच रिपोर्ट में पांच मरीज की रिपोर्ट नेगेटिव आई है, जिन्हें कोविड अस्पताल से छुट्टी दे दी गई है। अब तक 50 मरीज ठीक हो गए हैं।
120 हुए कोरोना के केस
मुजफ्फरनगर। जिले में लगातार कोरोना पॉजिटिव मिलने से टोटल केस 120 हो गए है। इनमें से 50 मरीज ठीक हो गए है, जबकि 69 एक्टिव मरीज है। खालापार की एक महिला की मौत हो चुकी है। अकेले खालापार में ही 36 केस सामने आ चुके है। उधर, एम्स ऋषिकेश में भी जिले की एक महिला और युवक की मौत हो चुकी है।