29 अफसरों की कांवड़ ड्यूटी काटी
मुजफ्फरनगर। जिले से तबादला होकर दूसरे जनपदों में जाने वाले 29 अफसरों की कांवड़ ड्यूटी काटने के बाद दूसरे अफसरों को उनके स्थानों पर लगाया गया। शुक्रवार को ड्यूटी पर लगाए गए अफसरों को पत्र जारी किया गया। वहीं डीएम ने कांवड़ को लेकर बुलाई गई बैठक में नदारद रहे पांच अफसरों का वेतन काटने के आदेश दिए।
कांवड़ ड्यूटी से बचने के लिए अफसर नए-नए तरीके अपना रहे हैं, जो अफसर तबादला होने के बाद जिला छोड़ चुके हैं या जो विषम परिस्थितियों में ड्यूटी नहीं कर सकते, ऐसे 29 अफसरों की ड्यूटी काट दी गई है। इनमें एक अफसर ऐसा भी है, जिनकी मौत हो चुकी है। अधिकतम तबादला होने वाले ही हैं। 52 अफसरों ने ड्यूटी में असमर्थता जताई थी, जिनमें इन 29 की ही ड्यूटी कटी है। डीएम ने बीमारी का बहाना करने वालों की एक नहीं सुनी है। कहा कि जो अधिकारी रुटीन में नौकरी कर रहे हैं, उनका कोई बहाना नहीं चलेगा।
एडीएम प्रशासन ने इन 29 के स्थान पर नए अधिकारियों की ड्यूटी लगा दी है। शुक्रवार को ड्यूटी का आदेश पत्र इनके ऑफिस में पहुंच गया। कुछ अफसरों को तो ड्यूटी के नाम पर पसीने आ गए। डीएम जीएस प्रियदर्शी ने शुक्रवार को जोनल, सब जोनल, सेक्टर मजिस्ट्रेट की बैठक ली तो पांच अफसर गायब मिले। ड्यूटी पत्र जारी होने के बाद भी ये नदारद हैं। डीएम ने इन पांचों अधिकारियों का एक दिन का वेतन काटने के आदेश दिए। इनमें अधिशासी अभियंता विद्युत खतौली, अधिशासी अभियंता विद्युत महावीर चौक, उपखंड अधिकारी विद्युत बेगराजपुर, सहायक निदेशक विद्युत सुरक्षा, क्षेत्रीय प्रदूषण अधिकारी शामिल हैं। एक दिन का वेतन काटने के साथ ही दो दिन में डीएम के समक्ष प्रस्तुत होकर स्पष्टीकरण देने के लिए कहा है। यदि दो दिन में उपस्थित होकर स्पष्टीकरण नहीं देते हैं तो एकतरफा कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।