मुजफ्फरनगर। डीएम अजय शंकर पांडेय ने सफाई के लिहाज से शहर को चार जोन में बांटा है। उन्होंने जोनवार अधिकारियों को जिम्मेदारी सौंपते हुए निरीक्षण कर रिपोर्ट देने के निर्देश दिए। सफाई नायकों को नगर की बिगड़ी सफाई व्यवस्था में सुधार लाने को कहा।
डीएम अजय शंकर पांडेय ने सफाई नायकों, पालिकाकर्मी व प्रशासनिक अधिकारियों की बैठक ली। कहा कि घर के साथ शहर को भी स्वच्छ रखें। शहर की व्यवस्था दुरुस्त हो जानी चाहिए। सफाई नायकों से कहा कि जो काम आप करते हैं, वह कोई नहीं कर सकता। उन्होंने सुपरवाइजरों से कहा कि निर्धारित समय से आधा घंटा पहले पहुंचे। उन्होंने कहा कि सफाई कर्मी के अनुपस्थित रहने पर सुपरवाइजर, सफाई निरीक्षक, नगर स्वास्थ्य अधिकारी की जिम्मेदारी तय कर कार्रवाई की जाएगी। प्रत्येक डलावघर पर एक कर्मचारी की ड्यूटी लगाई जाएगी। यह तय होगा कि कूड़ा डलावघर के अंदर ही गिरे। डलावघर पर कूड़े के ऊपर ढकने के लिए एक त्रिपाल की व्यवस्था कराई जाएगी। खुले वाहन से कूड़े का निस्तारण न कराया जाएं। कूड़े के निस्तारण की निगरानी के लिए सचल दस्ते का भी गठन किया गया है। यह एडीएम प्रशासन के निर्देशन में कार्य करेगा। डलावघर के बाहर कूड़ा डालने वालों की वीडियोग्राफी कराई जाएगी। रात्रि में ही शहर में झाडू लगवाने पर भी विचार किया जा रहा है। उन्होंने व्यापारियों से कहा कि सुबह जब वे अपने प्रतिष्ठान खोले तो कूड़े को एक बैग या डस्टबिन में डालकर रखें। उसे सड़क पर या नाली में न डालें। कहा कि डिवाइडर व बिजली के खंभों पर लगाए गए पोस्टर, हैंडबिल आदि को तत्काल उतरवाएं। सफाई के बाद यदि किसी का पोस्टर या हैंडबिल लगा पाया जाता है तो संबंधित के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। बैठक में एमडीए के सचिव महेंद्र प्रसार, सिटी मजिस्ट्रेट अतुल कुमार, डिप्टी कलेक्टर अजय अंबष्ट, नगर स्वास्थ्य अधिकारी डा. आरएस राठी, सफाई निरीक्षक, सुपरवाइजर और सफाई नायक मौजूद रहे।