आकाश में दिनभर छाए रहे काले बदरा
मुजफ्फरनगर। आकाश में बादल घुमड़-घुमड़ कर आते रहे। लोग टकटकी लगाकर बारिश का इंतजार करते रहे और बादल बिन बरसे लौट गए। सोमवार को दिनभर यही खेल चलता रहा। कुछ देर के लिए ही बारिश हो पाई। बादलों के छाए रहने से अधिक गर्मी का सामना नहीं करना पड़ा।
देश के कई हिस्सों में जहां भारी बारिश से बाढ़ के हालात बने हैं, वहीं मुजफ्फरनगर की धरती अभी भी प्यासी है। सावन में जिस तरह की बारिश की अपेक्षा की जाती है वह नहीं हो पा रही है। सोमवार को सुबह से ही आकाश में बादल छाए रहे। घने गहरे बादल देखकर लोगों को उम्मीद थी कि झमाझम बारिश होगी, लेकिन कुछ देर के लिए बूंदाबांदी के बाद बादल उड़ गए। दिनभर आकाश में बादल छाए रहने से मौसम में जरूर थोड़ा परिवर्तन हुआ। जनता को गर्मी से छुटकारा मिला रहा। दिन में कई बार काले बादल आए, लेकिन हर बार बिना बरसे ही निकल गए। बरसात के मौसम में यहां अब तक जोरदार बारिश नहीं हो पाई है। इसी कारण गर्मी से भी राहत नहीं मिली है। आम जनता को इंतजार है कि कब झमाझम बारिश होगी और यहां धरती की प्यास बुझेगी।