धर्म और नफरत की दीवार तोड़कर एक मुस्लिम परिवार भगवान शिव की भक्ति में लीन है। एक या दो नहीं, बल्कि पिछले एक दशक से कांवड़ यात्रा के कारवां में इस परिवार का एक सदस्य जरूर शामिल होता है।
इस बार हाथ में त्रिशूल लिए बारह साल का साजिद अली खान हरिद्वार से गंगाजल लेकर अपने घर की ओर बढ़ रहा है। दिल्ली के कंझावला क्षेत्र के गांव लाड़पुर निवासी मोहम्मद सलीम अहमद (45) जागरण पार्टियों में काम करते हैं।
गाने-बजाने के शौकीन सलीम ने 13 साल पहले कांवड़ लाने का सिलसिला शुरू किया था। बेटा साजिद अली खान (12) पिछले पांच वर्ष से इस यात्रा में पिता के साथ है। बुधवार को पिता-पुत्र मुजफ्फरनगर के शिव चौक पर पहुंचे। बातचीत शुरू हुई तो मालूम पड़ा कि त्रिशूल लिए जा रहा मासूम बच्चा मुस्लिम परिवार से है।
धर्म के सवाल पर सलीम ने कहा कि यह हमारी इच्छा की बात है। भगवान शिव हरिद्वार बुलाते हैं तो हम खुद को रोक नहीं पाते। लंबे समय से उनका परिवार कांवड़ यात्रा में शामिल हो रहा है। यह अपनी-अपनी आस्था का सवाल है।
भगवान शिव का वेश धारण किए साजिद ने कहा कि उनके परिवार में कांवड़ लाने का माहौल मिला, जिससे उसे भी यह प्रेरणा मिली।