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वार्डन ने बंदी से दिल जोड़ा तो जेल का कानून तोड़ा

Mon, 08 Feb 2016 02:11 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला मुरादाबाद
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बैरक की रखवाली करते- करते चीफ वार्डन साहब को एक महिला बंदी से प्यार हो गया। रिटायरमेंट के करीब वार्डन ने बंदी से दिल जोड़ा तो जेल के कायदे-कानून तोड़ डाले। बैरक के तो खुद ही थानेदार थे। लिहाजा जितना मुमकिन था उतनी छूट दी। प्रेमिका को बैरक की तनहाई न खले लिहाजा अपना मोबाइल फोन भी उसके सुपुर्द कर डाला।
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सोचा था सबकुछ पर्दे में खामोशी से चलता रहेगा। लेकिन 59 साल की उम्र में वार्डन की महिला कैदी से हुई मोहब्बत आखिर छुपती भी तो कब तक। जेल में तो वार्डन साहब मामले को साधे हुए थे। लेकिन दो दिन पहले महिला बंदी तारीख पर अमरोहा कचहरी गई तो उससे बरामद मोबाइल ने पूरी कहानी खोल दी। अब साहब के गले में एक्शन का फंदा लटक रहा है।



देहरादून के राजपुर थाना क्षेत्र में सहस्त्रधारा रोड पर विकास लोक कालोनी निवासी एक महिला 25 फरवरी 2015 से जिला जेल की महिला बैरक में बंद है। अमरोहा जिले की गजरौला थाना पुलिस ने महिला को धोखाधड़ी के एक मामले में गिरफ्तार किया था। यह महिला देहरादून के किसी हाईप्रोफाइल रेप केस से भी जुड़ी है।
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जिसमें गवाही के लिए वह वक्त-वक्त पर देहरादून जाती है। शुक्रवार को यह महिला अमरोहा कचहरी में अपने मुकदमे की पेशी पर गई थी। वहां महिला बंदी कोर्ट में भी मोबाइल लेकर घुस गई। फोन की घंटी बजी तो महिला की तलाशी ली गई। सर्च में उसके पास से मोबाइल फोन बरामद हुआ जो जेल के चीफ वार्डन का निकला।


महिला बंदी पुलिस कर्मियों से भी भिड़ गई और सिम को चबा डाला। जब पूछताछ शुरू हुई तो चीफ वार्डन की मोहब्बत के राज उजागर होते चले गए। पुलिस और जेल अधिकारियों की पड़ताल में पता चला है कि महिला बैरक का चीफ वार्डन रहते हुए प्रधान बंदी रक्षक महिला बंदी के संपर्क में आया।


प्रधान बंदी रक्षक की महिला बंदी से नजदीकियां बढ़ी तो वह उसे अपना मोबाइल फोन और दूसरी तमाम सुविधाएं देने लगा। कुछ माह बाद रिटायर होने जा रहे प्रधान बंदी रक्षक ने महिला बंदी से वादा किया कि उसके जेल से रिहा होते ही वह उससे शादी कर लेगा। चीफ वार्डन की पत्नी की भी मौत हो चुकी है।



महिला बंदी ने ट्रांसफर की मोटी रकम
बुजुर्ग प्रधान बंदी रक्षक के प्यार में उलझी चालीस वर्षीय महिला बंदी द्वारा बंदी रक्षक के एकाउंट में करीब 25 लाख रुपये ट्रांसफर किए जाने का मामला भी सामने आया है। यह रकम दो किस्तों में ट्रांसफर की गई है। बताया जाता है कि महिला बंदी रक्षक को यह रकम देहरादून के किसी मुकदमे में समझौते के चलते मिली थी। मामला उजागर होने के बाद चीफ वार्डन का एकाउंट भी खंगाला जा रहा है।



अमरोहा पेशी पर ले जाई गई महिला बंदी से कोर्ट में मोबाइल फोन बरामद होने की सूचना मुझे मिली है। मामले की जांच करा रहे हैं। जो भी तथ्य प्रकाश में आएंगे उनके अनुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।  
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-बीआर वर्मा, वरिष्ठ जेल अधीक्षक।
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