उत्तम बोले- अमर उजाला पढ़कर समाज को जाना
उत्तम ने बताया कि वह वर्ष 2020 में भी प्रयास कर चुके थे, लेकिन प्री परीक्षा पास नहीं कर पाए थे। उन्होंने सेल्फ स्टडी से यह सफलता प्राप्त की है। उन्होंने कहा कि अमर उजाला अखबार पढ़ने के बाद उन्होंने समाज को जाना है। इसलिए उनकी इस सफलता में अमर उजाला का भी योगदान है। उत्तम ने सफलता का श्रेय पिता नवीन कुमार शर्मा और मां सुधा को दिया। मां ने बेटे की सफलता के लिए जागेश्वर धाम जाने की मन्नत मांगी थी। परिणाम आने के बाद तुरंत परिवार भगवान के दर्शन करने के लिए रवाना हो गया।
आदित्यराज ने कहा- परिणाम का था बेसब्री से इंतजार
वहीं, आदित्यराज ने बताया कि इससे पहले वह दो बार प्रीलिम्स परीक्षा दे चुके थे, लेकिन सफलता तीसरी बार में मिली है। मैकेनिकल इंजीनियरिंग से बीटेक करने वाले आदित्यराज ने बताया कि वह परिणाम का बेसब्री से इंतजार कर रहे थे। वह सफल होंगे, इसका भरोसा था, लेकिन 225वीं रैंक आने की उम्मीद नहीं थी। उन्होंने कहा कि इंटरनेट पर वीडियो देखकर और अखबार पढ़कर अपने नोट्स तैयार किए थे।