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Moradabad: कांठ में बिना अनुमति आंबेडकर की प्रतिमा लगाई, गांव में भारी हंगामा, तनाव के बीच पहुंची पुलिस

Sun, 26 Apr 2026 01:44 AM IST
मुरादाबाद ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, कांठ

सार

कांठ के मुजफ्फरपुर टांडा गांव में बिना अनुमति डॉ. आंबेडकर की प्रतिमा स्थापित करने पर विवाद हो गया। पुलिस ने प्रतिमा हटवाकर सुरक्षित रखवा दी और दोनों पक्षों को समझाकर मामला शांत कराया। फिलहाल गांव में पुलिस बल तैनात है।
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कांठ में विवाद के बाद पहुंची पुलिस - फोटो : संवाद
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विस्तार
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कांठ क्षेत्र के गांव मुजफ्फरपुर टांडा में एक पक्ष के लोगों ने बृहस्पतिवार की रात प्रशासन से अनुमति लिए बिना खाली जगह में चबूतरा बनाकर डॉ. आंबेडकर की प्रतिमा स्थापित कर दी। दूसरे पक्ष के लोगों ने प्रतिमा देखी तो अगले दिन शुक्रवार की शाम को इस पर आपत्ति जताते हुए पुलिस को सूचना दी।

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एसएचओ सुदेश पाल सिंह भारी पुलिस फोर्स के साथ रात को ही मौके पर पहुंच गए। घंटों समझाने के बाद पुलिस ने रात में ही प्रतिमा को हटवा दिया। प्रतिमा लगाने वाले पक्ष की हल्की नोकझोंक भी हुई। इस दौरान जहां प्रतिमा स्थापित की गई थी उसके पास पड़ी कूड़ियों में अज्ञात कारण के चलते आग लगने से अफरा-तफरी का माहौल हो गया।

पुलिस ने अग्निशमन विभाग की टीम को बुलाकर कूड़ियों में लगी आग को बुझवाया। यहां पुलिस मौजूद थी कि शनिवार की सुबह फिर से प्रतिमा रखने वाले पक्ष के तमाम लोग व महिलाएं एकत्र हो गए। सूचना मिलने पर सीओ शुभम पटेल भी भारी फोर्स के साथ गांव पहुंच गए।
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प्रतिमा लगाने वाले पक्ष का कहना था कि जहां प्रतिमा स्थापित की गई थी, वह भूमि वर्षों पहले आंबेडकर पार्क के लिए छोड़ी गई थी। यहां वह हर साल बाबा साहेब डॉ. भीमराव आंबेडकर की जयंती भी मनाते हैं। उन्होंने प्रतिमा रखने के बारे में ग्राम प्रधान से भी कहा था। एकत्र लोगों ने यहां से प्रतिमा ले जाने का आरोप लगाते हुए नाराजगी जताई और रोष भी व्यक्त किया।

समझाने और प्रतिमा वापस देने के आश्वासन के बाद उन्होंने पुलिस को लिखकर भी दे दिया कि उनके द्वारा बिना अनुमति के प्रतिमा लगाई गई थी। अब वह नियमानुसार अनुमति लेकर ही प्रतिमा स्थापित करेंगे। जिसके बाद पुलिस ने प्रतिमा को पॉलीथिन से कवर कराकर सहमति के बाद ससम्मान गांव के ही ब्रजपाल के यहां बने कमरे में रखवाकर उसे ताले से बंद करा दिया है।

फिलहाल गांव में शांति है, लेकिन एहतियात के तौर पर पुलिस तैनात है। एसडीएम कांठ संत दास पंवार का कहना है कि ग्रामीणों को समझाया गया है, इस मामले में जांच कर नियमानुसार कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।

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गांव में कुछ लोगों ने डॉ. आंबेडकर की प्रतिमा लगा दी थी। दूसरे पक्ष ने आपत्ति जताई थी। जांच में पाया गया कि अनुमति नहीं ली गई है। लोगों की सहमति से प्रतिमा हटा ली गई है। गांव में कोई तनाव नहीं है। एहतियातन पुलिस तैनात की गई है। -कुंवर आकाश सिंह, एसपी देहात

गांव में जहां प्रतिमा स्थापित की गई थी, वह आंबेडकर पार्क नहीं है, यह परिवर्तन पार्क है। प्रतिमा स्थापित करने के लिए 23 अप्रैल की सुबह हमसे लोगों ने कहा था, जिस पर हमने 20 दिन का समय यह कहते हुए मांगा था कि प्रशासन से अनुमति लेकर प्रतिमा लगवा देंगे। फिलहाल समझा-बुझाकर मामला शांत करा दिया गया है। -संजय सिसौदिया, प्रधान के पति मुजफ्फरपुर टांडा
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