मुरादाबाद के मैनाठेर गागन नदी में शिवम और गौरव खोजते गोता खोर और पुलिस वाले।
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मुरादाबाद। मझोला थानाक्षेत्र में शनिवार शाम गांगन नदी में मछली पकड़ने गए दो सगे भाई बह गए। तीसरे छोटे भाई अमन को बचा लिया गया। अमन के शोर मचाने पर लोग पहुंचे और तलाश शुरू कर दी। पुलिस ने गोताखोराें की मदद से दोनाें भाइयाें की तलाश की, लेकिन रात तक उनका कुछ पता नहीं चल पाया था। रात दस बजे थककर पुलिस ने भी तलाशी अभियान बंद कर दिया।
मूलरूप से बिहार पटना जनपद के खासपुर गांव निवासी रविंद्र शाह मझोला के पैपटपुरा एकता कालोनी में परिवार के साथ रहते हैं। रविंद्र राज मिस्त्री हैं। इनके परिवार में पत्नी वैजयंती, तीन बेटे शिवम (18), गौरव (16) और अमन (12) हैं। रविंद्र ने बताया कि शनिवार दोपहर ढाई उसके तीनाें बेटे और पड़ोस में रहने वाला किशोर वंश साइकिल से मझोला क्षेत्र में ही गांगन वाली मैनाठेर के सामने गौशाला के पीछे गांगन नदी में मछली पकड़ने गए थे।
मुझे मंझले ने बचाया पर उसे बचाने को बडे़ भाई कूदे, दोनों ही बह गए
मुरादाबाद। ‘हम तीनों भाई मछली पकड़ने गए थे। मैं और गौरव भाई ज्यादा मछली पकड़ने के चक्कर में पानी की तेज धार तक पहुंच गए। हमारे पैर उखड़ने लगे तो हम चिल्लाए। इस पर गौरव भैया ने मुझे धार से बाहर धक्का दे दिया। मैं तो बाहर की तरफ आ गया पर गौरव भैया खुद बहने लगे। गौरव को बहता देखकर सबसे बड़े भाई शिवम उसे बचाने तेज धार में कूद पड़े। उसे पकड़ने की कोशिश की पर बहाव इतना तेज था कि दोनों ही बह गए। मैंने और मेेरे दोस्त ने शोर मचाया। तब वहां कुछ लोग आ गए। उन्होंने तलाश करने की कोशिश की पर आगे कौन जाता? मैने उनके मोबाइल से मम्मी पापा को कॉल कर भाइयाें के बह जाने की सूचना दी। ’
देर रात तक भी नहीं पता चला
घटना की सूचना पर यह परिवार बदहवास हालत में यहां पहुंचा। पहले खुद तलाश की और फिर पुलिस को बुलाया पुलिस को सूचना दी गई। सूचना मिलने पर मझोला थाना प्रभारी राकेश कुमार सिंह फोर्स लेकर पहुंच गए। उन्होंने गोताखोराें को बुलाया, काफी तलाश के बाद भी शिवम और गौरव का कुछ पता नहीं चल पाया। थाना प्रभारी ने बताया कि रात की वजह से तलाश बंद कर दी गई है। रविवार सुबह दोबारा गोताखोराें की मदद से गांगन नदी मेें दोनाें भाइयाें की तलाश की जाएगी।