मुरादाबाद। वार्डों में विकास कार्य शुरू नहीं हो रहे, सफाई व्यवस्था बिगड़ी है और जनता की शिकायतों का जवाब पार्षदों को देना पड़ रहा है। इन समस्याओं को लेकर नगर आयुक्त से मिलने पहुंचे भाजपा के करीब 40 पार्षदों को जब तय समय पर मुलाकात नहीं हुई तो उनका गुस्सा फूट पड़ा। शुक्रवार को पार्षद नगर आयुक्त के आवास परिसर के बाहर धरने पर बैठ गए। उनका आरोप था कि टेंडर होने के बावजूद ठेकेदार सड़क, नाली और पुलिया का निर्माण शुरू नहीं कर रहे हैं। वहीं, दिवाली से पहले भी वार्डों में कूड़ा उठान नियमित नहीं हो रहा है।
पार्षदों के मुताबिक, नगर आयुक्त ने उन्हें शाम चार बजे मिलने का समय दिया था। तय समय पर सभी पार्षद आवास पहुंचे तो उन्हें साढ़े पांच बजे आने के लिए कहा गया। निर्धारित समय पर दोबारा पहुंचने पर नगर आयुक्त के वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग (वीसी) में व्यस्त होने की बात कही गई। पार्षदों को दूसरे कमरे में इंतजार करने के लिए कह दिया गया। काफी देर तक मुलाकात नहीं होने पर पार्षदों का धैर्य जवाब दे गया। वे आवास के बाहर धरने पर बैठ गए। हंगामे की सूचना पर नगर विधायक रितेश गुप्ता मौके पर पहुंचे। उन्होंने नगर आयुक्त हिमांशु कौशिक से बात कराई, जिसके बाद मामला शांत हुआ। धरने में नगर निगम के उपसभापति एवं वार्ड-37 के पार्षद शैलेंद्र सैनी, विनोद शर्मा, गौरव श्रीवास्तव, सुरेंद्र विश्नोई, प्रशांत सागर, गजेंद्र लोधी, विवेक शर्मा, प्रभात सक्सेना और कुलदीप नारायण सिंह समेत करीब 40 पार्षद शामिल थे।
टेंडर के बाद भी काम नहीं, जनता पार्षदों से मांग रही जवाब
पार्षदों का कहना था कि उनके वार्डों में सड़क, नाली और पुलिया निर्माण के लिए टेंडर हो चुके हैं, लेकिन ठेकेदार काम शुरू नहीं कर रहे हैं। सफाई व्यवस्था का भी यही हाल है। कई जगह कूड़ा नियमित रूप से नहीं उठाया जा रहा है। दिवाली जैसे त्योहार से पहले भी लोगों को गंदगी की समस्या से जूझना पड़ रहा है। वार्डों के लोग रोजाना इन समस्याओं को लेकर पार्षदों के पास पहुंच रहे हैं, लेकिन समाधान नहीं होने से उन्हें जनता के सवालों का जवाब देना मुश्किल हो रहा है। पार्षदों ने आरोप लगाया कि नगर आयुक्त से मुलाकात के लिए पहले भी समय मांगा गया था, लेकिन बात नहीं हो सकी। इस बार भी तय समय पर मुलाकात नहीं होने से नाराजगी बढ़ गई। उनका सवाल था कि जब निर्माण कार्यों के टेंडर हो चुके हैं तो फिर काम शुरू कराने में देरी क्यों हो रही है और जिम्मेदार ठेकेदारों पर कार्रवाई क्यों नहीं की जा रही है।
ठेकेदारों को ब्लैकलिस्ट करने की मांग गूंजी
पार्षदों के धरने की सूचना पर नगर विधायक रितेश गुप्ता मौके पर पहुंचे। उन्होंने पार्षदों की मौजूदगी में नगर आयुक्त हिमांशु कौशिक से बातचीत की। विधायक ने पार्षदों की शिकायतों को जायज बताते हुए कहा कि प्रशासनिक कार्यों में व्यस्तता के कारण नगर आयुक्त समय नहीं दे पाए, जिससे गलतफहमी हुई। उन्होंने नगर आयुक्त के सामने मांग रखी कि टेंडर लेने के बाद भी काम शुरू नहीं करने वाले ठेकेदारों को चिह्नित कर ब्लैकलिस्ट किया जाए। नगर आयुक्त ने आश्वासन दिया कि शिकायतों पर कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि अगले दिन से वार्डों में सफाई व्यवस्था की समीक्षा होगी और ठेकेदारों को लंबित विकास कार्य जल्द शुरू करने के निर्देश दिए जाएंगे। इसके बाद पार्षदों ने धरना समाप्त कर दिया। हालांकि, वार्डों में सफाई व्यवस्था सुधरने और लंबित निर्माण कार्य शुरू होने का इंतजार रहेगा।