बिलारी। गन्ना उत्पादक बाहुल्य बिलारी में गन्ना सर्वे के कार्य में तेजी आई है। सर्वे कर्मी किसानों से ऑनलाइन घोषणा पत्र भरवा रहे हैं और मौके पर ही गन्ना सर्वे स्लिप जारी कर रहे हैं। गन्ना परिषद के निरीक्षक ने शनिवार को कई ग्रामों में जाकर गन्ना सर्वे कार्य का निरीक्षण किया और सर्वे कर्मियों को जरूरी निर्देश दिए।
सहकारी गन्ना विकास समिति बिलारी और गन्ना विकास परिषद बिलारी क्षेत्र में आने वाले 271 ग्रामों में लगभग 17 हजार हेक्टेयर रकबे में खड़ी गन्ने की फसल का सर्वे आगामी 30 जून तक पूरा किया जाना है। गन्ना परिषद कार्यालय से मिली जानकारी के अनुसार अब तक 65 ग्रामों में लगभग पांच हजार हेक्टेयर रकबे का सर्वे कार्य पूरा हो चुका है। गन्ना परिषद बिलारी में आने वाले बिलारी चीनी मिल क्षेत्र में बसंतकालीन बुवाई 8500 हेक्टेयर रकबे में और शरदकालीन बुवाई 1300 हेक्टेयर रकबे में हुई है। करीमगंज चीनी मिल क्षेत्र में बसंतकालीन बुवाई 1000 हेक्टेयर रकबे में और शरदकालीन बुवाई 270 हेक्टेयर रकबे में हुई है। मझावली चीनी मिल क्षेत्र में गन्ने की बसंतकालीन बुवाई 950 हेक्टेयर रकबे में और शरदकालनी बुवाई 190 हेक्टेयर रकबे में हुई है।
गन्ना परिषद बिलारी के ज्येष्ठ गन्ना निरीक्षक संजीव कुमार ने बताया कि गन्ना विकास परिषद और चीनी मिलों की संयुक्त टीमें गांवों में गन्ने की फसल का सर्वे कर रही हैं। सर्वे कार्य में बिलारी चीनी मिल की 18, करीमगंज चीनी मिल की पांच और मझावली चीनी मिल की चार टीमें लगाई गई हैं। सर्वे टीमों को निर्देश दिए गए हैं कि प्रत्येक गन्ना किसान को मौके पर ही गन्ना सर्वे स्लिप जारी कर दी जाए ताकि सर्वे में कोई गलती न रहे। सर्वे कार्य के दौरान ही गन्ना किसानों को जागरुक कर उनसे ऑनलाइन घोषणा पत्र भी भरवाया जाए। गन्ना परिषद के निरीक्षक ने बताया कि गन्ने के पौधे का सर्वे हो रहा है जबकि गन्ने की पेड़ी का सत्यापन कराया जा रहा है।