कांठ। बरसात का मौसम शुरू हो गया है, हर रोज बारिश भी हो रही है, ऐसे मौसम में यदि इस बार कांठ के खादर क्षेत्र में बाढ़ आई तो उससे निपटने और ग्रामीणों को सुरक्षित निकालने के लिए प्रशासन क्षेत्र के 32 गोताखोरों की मदद लेगा। इसके लिए तहसील प्रशासन ने नाव सुरक्षा एवं नाविक कल्याण नीति के तहत गोताखोरों का चयन कर लिया है।
कांठ तहसील प्रशासन द्वारा तैयार की गई गोताखोरों की सूची के अनुसार राकेश कुमार, गनपत सिंह बहादरपुर खद्दर, महीपाल सिंह पाइंदापुर, मुकेश कुमार, उमेश कुमार रामसराय, धर्मवीर सिंह, ओमकार सिंह राजीपुर खद्दर, मुकेश कुमार, प्रेम सिंह दरियापुर, साजिद हुसैन हसनगढ़ी, दिनेश कुमार, सोनू, मनेाज कुमार, सोनू, सतेंद्र कुमार, सुरेश कुमार, विक्की कुमार, दिनेश कुमार, श्याम सिंह, बंटी एवं गब्बर सिंह बेगमपुर, होशियार सिंह कुम्हरिया जुबला, देशराम सिंह जहांगीरपुर चकफेरी, इरफान महदूद कलमी, तारा सिंह फरीदपुर भैंडी, तसलीम मुस्तफापुर द्वितीय, रणवीर कुमार, हेतराम सिंह, रिंकू कुमार, कपिल कुमार, अरविंद कुमार, राजकुमार पाइंदापुर को बाढ़ आने समय ग्रामीणों को पानी से निकालने और यदि कोई व्यक्ति रामगंगा नदी में डूब जाता है तो उसे सुरक्षित बाहर निकालने के लिए चयनित किया है।
बरसात के मौसम और संभावित बाढ़ को देखते हुए जिलाधिकारी के निर्देश पर तहसील में प्रशासन ने दैवीय आपदा प्रबंधक नियंत्रण और बाढ़ नियंत्रण कक्ष की स्थापना की है। एसडीएम संत दास पंवार और तहसीलदार अंजली सिंह ने इस कक्ष में प्रतिदिन 24 घंटे के लिए संग्रह अमीनों, चैनमैन, संग्रह सेवकों, लेखपालों आदि का ड्यूटी लगाई है। इसी के साथ बाढ़ नियंत्रण कक्ष का फोन नंबर 0591-2974411 को भी सार्वजनिक किया है। यदि क्षेत्र में कहीं भी बाढ़ या दैवीय आपदा आए तो क्षेत्र के लोग इन नंबर पर सूचना दे सकते हैं। यह दैवीय आपदा प्रबंधक नियंत्रण और बाढ़ नियंत्रण कक्ष 18 जून से स्थापित कर संचालित कर दिया गया है। संवाद