मझोला के फैक्ट्रीकर्मी नौरंग की हत्या उसके इकलौते बेटे ने ही की थी। पुलिस ने मोहित और साजिश में शामिल उसके दोस्त सर्वेश को गिरफ्तार कर लिया। गुनाह कबूलते हुए मोहित ने बताया कि पिता नौरंग पुश्तैनी जमीन को बीस लाख में बेचकर सारी रकम अपने शौक पूरे करने में उड़ा चुके थे। गांव की जमीन का भी सौदा कर चुके थे।
जबकि पूरा परिवार एक-एक पैसे का मोहताज था। गुस्से में दोस्त सर्वेश के साथ मिलकर साजिश रची और गला घोंटकर पिता की हत्या कर दी। शनिवार को पुलिस ने मोहित और सर्वेश को कोर्ट में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया।बीते शुक्रवार की सुबह मझोला थाने के पीछे गागन नदी में 45 वर्षीय एक व्यक्ति की लाश मिली थी।
उसे गला घोंटकर मौत के घाट उतारा गया था। बाद में मृतक की पहचान नौरंग सिंह निवासी बहादुरपुर थाना बिलारी के रूप में हुई थी। शनिवार को एसएसपी नितिन तिवारी ने वारदात का खुलासा किया। एसएसपी ने बताया कि वारदात के बाद पूछताछ में गागन नया गांव में रहने वाले नौरंग के बेटे मोहित ने बताया था कि महेश के साथ उसके पिता घर से गए थे। उसने संजय नाम की महिला पर हत्या का आरोप लगाया था।
पुलिस ने दोनों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर पड़ताल शुरू कर दी। इस बीच बार बार बयान बदलने से शक के घेरे में आए मोहित से जब पुलिस ने कड़ाई से पूछताछ की तो उसने अपना गुनाह कबूल लिया।