15 साल बाद भी नहीं हो पाया बिलारी उपडाकघर का परिसीमन, संभल के छह और रामपुर के चार शाखा डाकघर में बिलारी से जाती है डाक
आफाक हुसैन
बिलारी। मुरादाबाद जिले से अलग होकर संभल अलग जिला बने 15 साल बीत गए लेकिन बिलारी उपडाकघर का अभी तक परिसीमन नहीं हो पाया। बिलारी के इस उपडाकघर से संभल जिले के छह और रामपुर जिले चार शाखा डाकघर जुड़े हुए हैं। जिला और तहसील के हिसाब से परिसीमन न होने के कारण दोनों पड़ोसी जिलों के शाखा डाकघरों की डाक सीधे वहां न जाकर बिलारी उपडाकघर से होकर जाती है। इन हालात में जहां ग्रामीणों को डाक सेवाएं मिलने में देरी होती है वहीं डाक विभाग के कर्मचारियों को भी परेशानी का सामना करना पड़ता है।
वर्ष 2011 में मुरादाबाद से क्षेत्र काटकर संभल अलग जिला बनाया गया। जिसका नाम प्रदेश की बसपा सरकार ने भीमनगर और बाद में सपा सरकार आने पर फिर संभल कर दिया गया। मुरादाबाद और संभल दोनों जिलों का परिसीमन होने पर सभी सरकारी विभागों के क्षेत्र और कामों का भी जिले की सीमा के हिसाब से बंटवारा कर दिया गया। वर्ष 2020 में बिलारी और बनियाखेड़ा ब्लॉक का परिसीमन होने पर बिलारी ब्लॉक की संभल जिले में आने वाली 28 ग्राम पंचायतों को ब्लॉक बनियाखेड़ा तहसील चंदौसी में शामिल कर दिया गया। परिसीमन की इन दोनों प्रक्रियाओं के दौरान डाक विभाग उदासीन बना रहा और बिलारी के उपडाकघर का जिले की सीमा के हिसाब से 15 वर्ष बीत जाने के बाद भी परिसीमन नहीं हो पाया।
वर्तमान में बिलारी नगर स्थित उपडाकघर में 23 शाखा डाकघर शामिल हैं। जिनमें संभल जिले के छह शाखा डाकघर बेरनी, छाबड़ा, कुढ़फतेहगढ़, धर्मपुर रत्ता, अकरोली और सराय ज्वालापुरी तथा रामपुर जिले के चार शाखा डाकघर छितौनी, खरसोल, सेफनी और सागरपुर शामिल हैं। बिलारी उपडाकघर में शामिल तीन शाखा डाकघर चंद्रपुरा कलां, गतौरा और रोंड़ा का ब्लॉक मूंढापांडे और तहसील सदर मुरादाबाद है जिनकी पूर्वी सीमा रामपुर जिले से मिली हुई है जो व्यावहारिक तौर पर ठीक नहीं है।
संभल और रामपुर जिले के इन सभी शाखा डाकघरों से जुड़े गांवों की डाक प्रदेश के किसी भी जिले से आने पर पहले मुरादाबाद जिले के बिलारी उपडाकघर में आती है। बाद में पड़ोसी जिलों के ग्रामों में जाती है। दूसरे जिलों के शाखा डाकघर प्रभारियों को भी अपनी डाक संकलित करने अपने जिले के निकटवर्ती उपडाकघर की बजाए बिलारी उपडाकघर आना पड़ता है।
उपडाकघर बिलारी के उप डाकपाल सुशील चंद्र ढोंडियाल का कहना है कि दूसरे जिलों के दस शाखा डाकघरों का बिलारी उपडाकघर से जुड़े होने का प्रभाव डाक विभाग के कर्मचारियों और संबंधित लोगों पर पड़ना स्वाभाविक है। उपडाकघर के परिसीमन का काम विभागीय उच्चाधिकारियों का है।
भारतीय किसान यूनियन टिकैत के बिलारी तहसील अध्यक्ष रनवीर सिंह यादव का कहना है कि जब संभल अलग जिला बनने के बाद दोनों जिलों के विभागों के काम का बंटवारा हो गया तब डाक विभाग को भी जिले की सीमा के हिसाब से शाखा डाकघरों को उपडाकघर से जोड़ना चाहिए।
नागरिक मंच बिलारी के अध्यक्ष संजय सक्सेना का कहना है कि जिलों में आने वाले उपडाकघरों के पिनकोड संख्या अलग अलग है। बिलारी के उपडाकघर की पिनकोड पर दूसरे जिलों की डाक आने से डाक वितरण में देरी होना स्वाभाविक है।
उपडाकघर बिलारी से मिली जानकारी के अनुसार बिलारी की पिनकोड संख्या 244411, चंदौसी की पिनकोड संख्या 244412,कुंदरकी की पिकरोड संख्या 244413, नरौली की पिनकोड संख्या 244414 और सहसपुर की पिनकोड संख्या 244415 है।
उपडाकघर का इन्वर्टर खराब, प्रभावित हो रहा काम
बिलारी। उपडाकघर बिलारी कार्यालय का इन्वर्टर खराब होने से विभागीय काम प्रभावित हो रहा है। उपडाकघर से 23 शाखा डाकघर जुड़े होने की वजह से प्रतिदिन विभागीय काम काफी रहता है। ऐसी स्थिति में सप्ताह भर से इन्वर्टर खराब होने से दिन के समय में अक्सर विभागीय काम प्रभावित होता है। शाखा डाकघर में लगे एक कम्प्यूटर सिस्टम में भी अक्सर खराबी की समस्या आती रहती है। उपडाकपाल का कहना है कि इन्वर्टर और कम्प्यूटर को शीघ्र ठीक कराया जा रहा है।