मुरादाबाद। बरेली-मुरादाबाद खंड शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र के सपा प्रत्याशी ने मुरादाबाद, अमरोहा और बिजनौर के डीएम को पत्र भेजकर शिक्षक एमएलसी निर्वाचन की मतदाता सूचियों में बड़े पैमाने पर गड़बड़ी का आरोप लगाया है। उन्होंने दावे और आपत्तियों के निस्तारण के लिए जिला स्तर पर कमेटी गठित कर जांच कराने की भी मांग की है।
सपा प्रत्याशी दानिश अख्तर ने अपने पत्र में कहा कि मुरादाबाद के निजी विश्वविद्यालयों में स्वीकृत क्षमता से अधिक शिक्षक मतदाता बनाए गए हैं। उनका आरोप है कि कई मामलों में शिक्षकों के स्थान पर कर्मचारियों के वोट दर्ज कर दिए गए हैं। इसके अलावा एक ही नाम, पिता का नाम और पते पर दो-दो मतदाता पंजीकरण होने का भी आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि फर्जी मतदाताओं की पहचान छिपाने के लिए प्रकाशित आलेख्य में विद्यालय का नाम, पता और मोबाइल नंबर अंकित नहीं किए गए हैं। अमरोहा और बिजनौर जनपद से जुड़ी शिकायतों में उनका दावा है कि कई ऐसे शिक्षक जो सरकारी संस्थानों में नियमित रूप से कार्यरत हैं और उनका वेतन ट्रेजरी से मिलता है उनके आवेदन यह कहकर खारिज कर दिए गए कि उनकी अर्हता पूरी नहीं है। प्रत्याशी ने दर्जनों आवेदन संख्या सूचीबद्ध करते हुए कहा कि ऐसे सभी आवेदन तत्काल स्वीकार कर निर्वाचक नामावलियों में शामिल किए जाएं। साथ ही मदरसा शिक्षकों के ऑनलाइन आवेदन बिना किसी आधार के खारिज कर दिए गए हैं।
इसके अलावा वोटर लिस्ट में डुप्लीकेट नाम, एक ही व्यक्ति की फोटो कई मतदाताओं के नाम पर लगे होने, महिला नाम के आगे पुरुष का फोटो होने जैसी त्रुटियों का भी उल्लेख किया गया है। सपा प्रत्याशी ने मांग की है कि सभी दावों और आपत्तियों की निष्पक्ष जांच के बाद ही अंतिम निर्वाचक नामावलियों का प्रकाशन किया जाए। उन्होंने भारत निर्वाचन आयोग, मुख्य निर्वाचन अधिकारी लखनऊ को भी यह पत्र भेजा है। ब्यूरो