रविवार को मुरादाबाद में बीएड संयुक्त प्रवेश परीक्षा के बाद परीक्षा केंद्र मैथोडिस्ट गर्ल्स इंट?
मुरादाबाद। कोरोना संकट के दौरान बढ़ते संक्रमण के खतरे को दरकिनार कर प्रदेश सरकार ने बीएड संयुक्त प्रवेश परीक्षा का आयोजन किया। रविवार को साप्ताहांत लॉकडाउन के दौरान जिले के 32 केंद्रों पर इसका आयोजन किया गया। अभ्यर्थियों को भी इसका बेसब्री से इंतजार था। कोरोना के तमाम खतरों और डर के बीच 82 फीसदी अभ्यर्थियों ने इसमें हिस्सा लिया। इसके चलते सड़कों पर लॉकडाउन के बावजूद सामान्य दिनों से भी दोगुनी भीड़ देखने को मिली। प्रशासन का दावा है कि केंद्र पर शारीरिक दूरी का पूरा पालन किया गया है। लेकिन केंद्र से निकले परीक्षार्थियों ने कहा कि भीतर कोई इंतजाम नहीं थे।
सुबह के समय केंद्रों पर अभ्यर्थी निर्धारित समय से करीब दो घंटे पहले ही पहुंचना शुरू हो गए थे। केंद्र के मुख्य द्वार पर सभी की थर्मल स्कैनिंग और हाथों को सैनिटाइजर से साफ कराने के बाद ही भेजा गया। अंतिम समय तक अभ्यर्थी पहुंचते रहे। इसके कारण गेट पर अभ्यर्थियों की भीड़ लग गई और शारीरिक दूरी का पालन नहीं हो पाया। परीक्षा समाप्त होने पर सभी अभ्यर्थी एक साथ छूटे, जिसकी वजह से केंद्रों से निकलने की आपाधापी मची रही। दूर दराज से आए अभ्यर्थियों के साथ उनके परिवार के लोग आए थे। वह पूरे समय बाहर खड़े रहे। अधिकांश अपने वाहनों से आए थे। इसके कारण वाहनों की संख्या भी आम दिनों के मुकाबले ज्यादा थी। परीक्षा छूटने के बाद न केवल सड़कों पर जाम के हालात बन गए, बल्कि शारीरिक दूरी का नियम भी धरा रह गया। प्रशासन लाख दावों के बाद भी ऐसे इंतजाम नहीं कर पाया जिससे शारीरिक दूरी बनी रहती और संक्रमण का खतरा न होता। अभ्यर्थियों ने परीक्षा में हिस्सा तो लिया लेकिन एहतियात के साथ। इस सबके बावजूद उन्हें थोड़ा डर जरूर था।