जींस कारीगर आसिफ की हत्या उसकी प्रेमिका के सगे भाइयों ने की थी। पुलिस ने हत्यारोपी एक भाई राशिद को गिरफ्तार कर लिया है। जबकि दूसरा भाई साजिद फरार है। पकड़े गए आरोपी ने कबूला है कि दस दिन पहले कांठ के एक रेस्टोरेंट में उसने अपनी बहन को आसिफ की बाहों में देख लिया था।
बदनामी के डर में रेस्टोरेंट में तो दोनों से कुछ नहीं कहा। लेकिन घर आकर बहन और उसके प्रेमी को काफी समझाया। लेकिन दोनों में कोई भी मानने को तैयार नहीं था। उलटा आसिफ ने मुझे ही रास्ते से हटाने की धमकी दी थी। इसके बाद उसने अपने छोटे भाई के साथ मिलकर इस हत्याकांड को अंजाम देने की ठान ली।
बहाने से आसिफ को अमरोहा के नौगावां सादात क्षेत्र के जंगल ले गया और गला काट कर उसकी हत्या कर दी। इसके बाद लाश को पेट्रोल डालकर फूंक दिया। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए आरोपी को कोर्ट मेें पेश किया। जहां से उसे जेल भेज दिया।
पुलिस अधीक्षक ग्रामीण प्रमोद कुमार ने शुक्रवार को पुलिस लाइन में आसिफ हत्याकांड का खुलासा किया। उन्होंने बताया कि कांठ के मोहल्ला मोढ़ा पट्टी निवासी मोहम्मद आसिफ (19) पुत्र मोहम्मद साबिर कस्बे में ही मोहल्ला पृथीगंज में राशिद पुत्र मुन्ने के साथ रेडीमेड कपड़ों की कटिंग का कार्य करता था।
आसिफ का राशिद के घर आना जाना है। राशिद की बहन से आसिफ के प्रेम संबंध हो गए थे। गिरफ्तार राशिद ने बताया कि कई लोगों ने उससे इसकी शिकायत की थी। लेकिन दोस्त होने के नाते वह ज्यादा विश्वास नहीं कर रहा था। चौदह दिसंबर को बहन सामान खरीदने का बहा करके बाजार गई थी।
लेकिन काफी देर तक वह वापस नहीं लौटी। इसी बीच एक पड़ोसी ने बताया कि उसकी बहन रेस्टारेंट में आसिफ के साथ बैठी है। राशिद ने आड़ से दोनों को देखा तो आपत्तिजनक हालत में थे। राशिद ने बताया कि बदनामी के डर में वहां कुछ नहीं कहा और चुपके से घर आ गया। पहले बहन को समझाया। फिर आसिफ को दोस्ती का हवाला दिया।
लेकिन दोनों मानने को तैयार नहीं हुए। इसके बाद दिल्ली में रहने वाले अपने भाई साजिद को पूरी घटना बताई। तब साजिद और राशिद ने आसिफ की हत्या करने की साजिश रच डाली। 21 दिसंबर को उसे बहाने से बुलाकर ले गया और अमरोहा के नौगावां सादात थानाक्षेत्र के जंगल में ब्लेट से गला काटकर हत्या कर दी। इसके बाद पेट्रोल डालकर उसकी लाश को फेंककर अपने घर आ गए।
तिगरी धाम में ही करना चाहते थे हत्या
राशिद ने बताया कि वह हत्या तिगरी धाम में करना चाहते थे। लेकिन वहां भीड़भाड़ होने के कारण सफल नहीं हो पाए। वहां नाव में घूमने के बाद वह घर लौटने लगे। नौगावां सादात थाना क्षेत्र के गांव चंद्रकुटी की मढै़या के निकट राम गंगा पोषक नहर के पास बाइक रोक ली। इसके बाद वहां बेर खाने का बहाना करने लगे।
झाड़ियां के पास साजिद ने आसिफ को पीछे से पकड़ लिया और इसके बाद लोहा काटने वाले ब्लेट से राशिद ने आसिफ का गला काट कर दिया। हत्या करने के बाद उसकी लाश पर पेट्रोल डाल दिया और आग लगाकर दोनों बाइक से फरार हो गए थे।
इस तरह बुलाया था आसिफ
20 दिसंबर की रात ही राशिद ने आसिफ को बताया था कि सुबह नूरपुर में एक कारोबारी से ठेके की बात करनी है। जबकि उधर दिल्ली में रहने वाले अपने भाई साजिद से भी नूरपुर में मिलने को कहा। लेकिन सुबह आसिफ का मोबाइल बंद जा रहा था।
राशिद उसके घर पहुंचा और उससे रेलवे क्रासिंग के पास मिलने को कहा। करीब सात बजे दोनों नूरपुर के लिए रवाना हो गए। तब वहां साजिद भी मिल पहुंच चुका था। आसिफ को बताया कि उनके एक रिश्तेदार की मौत हो गई है। वहां चलना है। इसके बाद ये तिगरी चले गए थे।