देश दुनिया में मुरादाबाद का नाम रोशन करने वाले पर्वतारोही रवि कुमार को अंतिम समय में शेरपा(गाइड) छोड़कर चला गया था। माउंट एवरेस्ट की चोटी से लौट समय रवि कुमार अचानक आए तूफान और अंधेरे में घिर गए थे। इन हालातों में शेरपा रवि को वहीं छोड़कर नीचे उतार आया था।
इसके बाद ही रवि लापता थे। काठमांडू पहुंचे रवि के भाई मनोज कुमार ने शेरपा से मुलाकात की और पूरी घटना की जानकारी ली। शेरपा ने बताया कि वह तूफान में फंस गए थे। इसके बाद हम दोनों को संपर्क टूट गया था।
मुरादाबाद के भोला सिंह की मिलक निवासी हरकेश सिंह के बेटे रवि कुमार ने छह अप्रैल को माउंट एवरेस्ट की चढ़ाई शुरू की थी। पर्वतारोही रवि कुमार ने 20 मई को माउंट एवरेस्ट पर भारतीय तिरंगा फहरा दिया था। वहां से लौटते समय वह अचानक गायब हो गए थे।
किसी तरह शेरपा नीचे उतार आया था और उसने रवि के गायब होने की जानकारी दी थी। 27 मई को माउंट एवरेस्ट की बालकनी के पास रवि का शव मिला था। जबकि 28 मई को रवि कुमार के बड़े भाई मनोज ने नेपाल पहुंच कर शव की पहचान कर ली।
शेरपा रवि को मुसीबत में छोड़कर नीचे उतर आया था। मनोज ने शेरपा से मिलकर पूरी जानकारी ली है। शेरपा ने बताया कि वह नौ बजे नीचे उतर रहे थे। इसी दौरान अचानक तूफान आ गया था। जिस कारण हम दोनों का संपर्क टूट गया था। शेरपा ने नीचे आकर जानकारी दे दी थी।
जबकि कंपनी ने बताया था कि शेरपा की आंखों की रोशनी चली गई है। जबकि वह पूरी तरह से ठीक है। माउंट एवेस्ट पर भेजने वाली कंपनी ने गुमराह किया था। मनोज ने शेरपा का बयान अपने मोबाइल में रिकार्ड कर लिया है।