मुरादाबाद। नकाबपोश डकैतों ने कटघर थाना क्षेत्र के हृदयपुर में शनिवार की रात दो घरों को निशाना बनाया। डकैतों ने रिजवान और अबरार के परिवारों को बंधक बनाकर डाका डाला। विरोध करने पर डकैतों ने गोली मारकर दो भाइयों रिजवान और गुलफाम को घायल कर दिया। घायल बड़े भाई रिजवान को टीएमयू और छोटे गुलफाम को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पुलिस ने मौके से डकैतों का तमंचा बरामद किया है। पुलिस अधिकारियों ने मौके का मुआयना कर डकैतों की तलाश शुरू कर दी है।
हृदयपुर गांव निवासी अब्दुल वाहिद के तीन पुत्र एक ही मकान में साथ रहते हैं। शनिवार की रात करीब 12 बजे वाहिद का पुत्र गुलफाम लघुशंका करने के बाद बिस्तर पर सोने लगा। इस बीच मकान से पिछले हिस्से से नकाबपोश डकैत अंदर आ गए। एक ने गुलफाम की कनपटी पर तमंचा सटाकर बोला कि आवाज निकाली तो जान से मार देंगे। गुलफाम के साथ उसके छोटे भाई शाहरूख खान को रस्सी से बांध दिया और आलमारी को खंगाला। आलमारी से 40 हजार रुपये नकद और सोने-चांदी के जेवर समेट लिए। डकैत ने पूछा कि परिवार के अन्य सदस्य कहां हैं। किस आलमारी में धन रखे हैं। नहीं बताने पर दोनों भाइयों को तमंचे की बट से कई वार किया। उन्होंने छोटे भाई शाहरूख को आतंकित कर मेनगेट खुलवाया। आवाज सुनकर बगल के कमरे में सो रहे गुलफाम के बड़े भाई रिजवान (28) की नींद टूट गई। इस बीच रस्सी से छूटकर गुलफाम और रिजवान ने पैसा लेकर जा रहे डकैतों को पकड़ने की कोशिश की। मारपीट करने के बाद डकैतों ने तत्काल गोलियां चलाईं। गोली दोनों भाइयों के पेट में लग गई। घटना को अंजाम देने के बाद चारों डकैत मेनगेट से भाग निकले। भागते समय उनका तमंचा गेट पर गिर गया। घटना की जानकारी मिलने पर गुलफाम के मौसेरे भाई रईस ने दोनों घायल भाइयों को जिला अस्पताल इलाज के लिए भर्ती कराया। डॉक्टरों ने रिजवान की हालत गंभीर देखते हुए उसे हायर सेंटर लेकर जाने की सलाह दी। परिजनों ने उसे टीएमयू में भर्ती कराया। घटना की सूचना मिलने के बाद एसपी सिटी अखिलेश भदौरिया और कटघर पुलिस ने मौके का मुआयना किया। पुलिस ने मौके से डकैतों का एक तमंचा बरामद किया। घायल रिजवान की हालत गंभीर बतायी जा रही है।
पड़ोसी अबरार को बंधक बनाकर की लूटपाट
मुरादाबाद। रिजवान के घर धावा बोलने से पहले डकैतों ने उसके पड़ोस में रहने वाले लोडर वाहन मालिक अबरार के घर पर धावा बोला। अबरार ने बताया कि शनिवार रात वह पत्नी नासिरा बेगम, बेटी यासमीन और अपनी धेवती के साथ घर में सो रहा था। उसी समय वे अंदर घुस गए और तमंचे के बल पर उसको बंधक बना लिया। पत्नी नासिरा ने बताया कि कुल पांच डकैत अंदर आए थे। शोर मचाने पर उन्होंने मारने की धमकी दी। इसके बाद डकैत अबरार के हाथ पैर बांध दिए। उसके घर से दस हजार रुपये नकद, सोने के कुंडल, चेन समेत करीब 70 हजार रुपये के जेवर लूट कर ले गए। डकैत बात बात कर गाली दे रहे थे। जाते समय अबरार के गेट को बाहर से बंद कर दिया था। रिजवान के यहां जब गोली चली और आसपास के लोग एकजुट हुए तो अंदर से आवाज लगाने पर पड़ोसियों ने अबरार के मकान का गेट खोला। उसने बाहर निकलकर आपबीती सुनाई। पुलिस ने भी अबरार और उसकी पत्नी से पूछताछ कर घटना की जानकारी ली।
रिजवान के बच्चे सहम गए
घायल गुलफाम ने बताया कि बड़ा भाई रिजवान अपनी पत्नी अमरीन और तीन बच्चों के साथ बगल के कमरे में सोया था। हो हल्ला सुनने के बाद उसकी भाभी और बच्चों की भी नींद टूट गई। बच्चे डकैतों को देखकर भयभीत हो गए थे। डकैत चार की संख्या में मौके पर थे और अन्य बाहर थे। वे पीछे से सीढ़ी के सहारे मकान के अंदर घुसे थे। दोनों भाई लकड़ी का काम करते हैं। पिता वाहिद करूला में लोहे का काम करते हैं।
डकैतों की तलाश में सीसीटीवी फुटेज खंगाला
डकैती की घटना के बाद एसएसपी के निर्देश पर पुलिस की टीमों ने सीसीटीवी फुटेज खंगाले। इस मामले में क्राइम ब्रांच की टीम और एसओजी ने सर्विलांस से बदमाशों का पता लगाना शुरू कर दिया है। शाम तक डकैतों का सुराग नहीं मिला था।
पुलिस ने लूट की धारा में दर्ज किया केस
डकैती की घटना के बाद कटघर पुलिस ने लूट की धारा में केस दर्ज किया है। पुलिस का मानना है कि डकैतों की संख्या चार थी, लेकिन पीड़ितों का मानना है कि उनकी संख्या पांच से अधिक थी।