मुरादाबाद। भोर में बाइक से ड्यूटी पर मुरादाबाद स्टेशन जाते समय अमरोहा जिले के थाना डिडौली क्षेत्र के ग्राम वाजिदपुर निवासी एवं रेलवे में गार्ड देशबंधु (30) को अज्ञात वाहन ने सर्किट हाउस के निकट रौंद दिया। जिससे उसकी मौत हो गई। सूचना पर पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा है।
देशबंधु के छोटे भाई दुर्गेश ने बताया कि वह लाइनपार स्थित गायत्री नगर में किराये के मकान पर रह कर सरकारी नौैकरी के लिए तैयारी करता है। उसका भाई देशबंधु वर्ष 2013 से रेलवे में गार्ड के पद पर तैनात है। देशबंधु अक्सर ड्यूटी के बाद उसके कमरे पर रुक जाया करते थे। रविवार को दोपहर 1:40 बजे ड्यूटी खत्म करने के बाद देशबंधु अमरोहा स्थित गांव वाजिदपुर चले गए थे। सोमवार सुबह उनकी 5:45 बजे ड्यूटी थी। करीब साढ़े तीन बजे कार्यालय से ड्यूटी लगने का फोन आने पर वह बाइक से मुरादाबाद रेलवे स्टेशन के लिए चल दिए। सुबह छह बजे के करीब उन लोगों को सूचना मिली कि उनके भाई को किसी अज्ञात वाहन ने टक्कर मार दी है। उसका भाई जिला अस्पताल में है। सूचना पर परिवार के लोग जब जिला अस्पताल पहुंचे तो देशबंधु को मृत पाया। जानकारी मिलने पर पता चला कि मझोला थाना क्षेत्र के सर्किट हाउस के निकट किसी अज्ञात वाहन की टक्कर लगने से उसके भाई की मौत हुई है।
मझोला थाने पर तैनात अपराध निरीक्षक अवधेश कुमार ने बताया कि सुबह करीब पांच बजे देश बंधु को किसी अज्ञात वाहन ने टक्कर मार दी और चालक वाहन समेत फरार हो गया। राहगीरों की मदद से पुलिस ने उसे जिला अस्पताल पहुंचाया। लेकिन चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। उन्होंने बताया कि देश बंधु के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। परिवार वालों की तहरीर पर अज्ञात वाहन व उसके चालक के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। जिस वाहन ने देशबंधु को टक्कर मारी उसकी तलाश की जा रही है। इसकी जानकारी के लिए आसपास के सीसीटीवी की फुटेज भी पुलिस जुटा रही है।
मासूम के सिर से उठा पिता का साया
मुरादाबाद। दुर्घटना में देश बंधु की मौत की खबर से उसके परिवार पर गमों का पहाड़ टूट पड़ा है। वृद्ध पिता सतीशचंद्र, मां भगीरथी देवी व पत्नी सरिता देवी समेत बड़ी बहन पूनम, छोटी बहन सोनम, भाई दुर्गेश व प्रभात का रो-रो कर बुरा हाल है। देश बंधु का दो साल पहले ही सरिता से विवाह हुआ था। उससे डेढ़ साल का पुत्र निपुण है। इस दुर्घटना ने जहां उसके वृद्ध माता-पिता से उनके बुढ़ापे की लाठी छीन ली है, वहीं पत्नी सरिता की भरी जवानी में मांग उजड़ गई। डेढ़ साल के मासूम निपुण के सिर से भी पिता का साया छिन गया।