मुरादाबाद। गोविंद नगर में ट्रैक किनारे से बिजली की लाइनों को शिफ्ट करने का काम तेजी से चल रहा है। इसके अलावा टैंक किनारे बाउंड्री वॉल का विवाद भी समाप्त हो गया है। अब यहां बन रहे ओवरब्रिज के निर्माण में भी कोई बाधा नहीं रहेगी। अब रेलवे की ओर से कार्य कर रहे इंजीनियर और ठेकेदार दो महीने में पुल का निर्माण पूरा करने की तैयारी में जुटे हैं।
पुल के रेल लाइनों के ऊपर वाले हिस्से पर गार्डर रखने की तैयारी चल रही है। रेलवे संरक्षा आयुक्त से मंजूरी मिलने के बाद अप्रैल तक गोविंद नगर पुल बनकर तैयार हो जाएगा। इस पुल के लिए स्थानीय निवासी तीन दशकों से भी अधिक समय से मांग कर रहे थे। लंबी अवधि तक बजट न मिलने के कारण काम शुरू नहीं हो पाया। जब नगर निगम से रेलवे को बजट मिला तो लॉकडाउन लग गया। इसके बाद जून माह में पुल का निर्माण शुरू हुआ तो बिजली के तार व ट्रांसफार्मर बाधा बन गए। इस बाधा को दूर करने के लिए रेलवे ने विद्युत विभाग को 22 लाख रुपये चुकाए। इसके बावजूद ट्रांसफार्मर को दूसरी जगह शिफ्ट करने में समय लग रहा है। शिफ्टिंग का ज्यादातर काम पूरा हो चुका है। ठेकेदार के मुताबिक अप्रैल माह तक पुल का निर्माण पूरा हो जाएगा।