दीपावली के त्योहार पर आतिशबाजी के चलते मुरादाबाद शहर मंडल का सबसे प्रदूषित शहर रहा। शासन की रोक के बावजूद मुरादाबाद के लोगों ने जमकर आतिशबाजी की।
पटाखों से निकले धुएं से हवा जहरीली हो गई। सामान्य स्थिति में एक्यूआई 50 होना चाहिए। सामान्य दिनों में मुरादाबाद का एक्यूआई 200 से 250 के बीच रहता है। मुरादाबाद के लाजपतनगर में प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड का मापक यंत्र लगा हुआ है।
सोमवार को सुबह के समय प्रदूषण मापक यंत्र ने एक्यूआई 500 दर्ज किया। आतिशबाजी से वातावरण में जहरीली हवा फैल गई। लाजपत नगर के अतिरिक्त अन्य स्थानों पर वायु गुणवत्ता सूचकांक दर्ज किया गया। वायु प्रदूषित होने से लोगों को परेशानी झेलनी पड़ी।
प्रदूषण के मानक
एसओ-2 - सल्फर डाई ऑक्साइड- 80
एनओ-2 - नाईट्रोजन डाई ऑक्साइड- 60
आरएसपीएम- रेसपिरेबल सस्पेंडेड पार्टिकुलेट मैटर यानी श्वसन निलंबित कण पदार्थ- 100
सोमवार को वायु में दूषित वायु की स्थिति
गैस सूचकांक
एनओ-2 98
एसओ-2 49
आरएसपीएम 398
एक्यूआई 500
अस्पताल पहुंचे रोगी
वायु प्रदूषण रिकार्ड स्तर तक पहुंच गया। सांस के साथ जहरीली हवा अंदर जाने से सांस व दमा रोगियों को परेशानी हो गई। सांस लेने में दिक्कतों का सामना करना पड़ा। आनन फानन में परिजनों ने उन्हें अस्पताल में पहुंचाया। चिकित्सकों ने उनकी हालत गंभीर बताई। अधिक जहरीला हवा होने से रोगियों व बुजुर्गों की जान पर बन आई।