मुरादाबाद। पीतल नगरी का वायु प्रदूषण देश में पहले स्थान पर पहुंच गया। सुबह पांच बजे वायु गुणवत्ता सूचकांक 341 से बढ़कर 399 पर पहुंच गया। नेशनल एयर क्वालिटी इंडेक्स के अनुसार पीएम 2.5 की वातावरण में उपलब्धता गंभीर स्थिति में पहुंच गई। अधिकतम उपलब्धता 500 माइक्रो ग्राम प्रति घन मीटर, औसत 399, न्यूनतम 306 रही, जबकि पीएम 10 की अधिकतम उपलब्धता 500, औसत 300 और न्यूनतम 162 माइक्रो प्रति घन मीटर दर्ज की गई। देश की राजधानी का स्थान पांचवां और प्रदेश की राजधानी लखनऊ का स्थान 12वां रहा।
सुबह से ही वातावरण में घन कोहरा छाया हुआ था। दिन में भी धूप नहीं निकलने की वजह से शाम चार बजे से फिर कोहरा छाने लगा। इसका असर शहर के प्रदूषण पर पड़ा है। इसके अलावा शहर के आस-पास के क्षेत्रों में अधिकारियों ने ई-कचरा पकड़ा है, जबकि शहर की गलियों में कबाड़ के कारोबार के अलावा घरों में पीतल की भट्ठियां धधक रही हैं। बुधवार को प्रदूषण के बढ़े स्तर की वजह से सुबह-शाम घूमने वाले व्यक्तियों की संख्या में भी कमी देखी गई। जो घर से बाहर निकले भी थे, वह जल्दी ही घरों को लौट गए। सड़कों पर लोग मास्क लगाते हुए देखे गए। बुधवार को पश्चिमी दिशा से 15 किलोमीटर प्रति घंटा की गति से हवा भी चली है, इसके बावजूद प्रदूषण के स्तर में गिरावट के बजाय बढ़ोतरी हो रही है। नैम्प की समन्वयक डॉ. अनामिका त्रिपाठी के अनुसार मुरादाबाद में पटना की अपेक्षा वाहनों की संख्या कम होगी, इसके बाजवूद प्रदूषण का स्तर ज्यादा है। बसों से काला धुआं निकल रहा है। ई-कचरा और कूड़ा जलाया जा रहा है। ई-कचरा का जलना बहुत खतरनाक है। इस पर लगाम लगाकर ही प्रदूषण के स्तर को रोका जा सकता है। यदि शहर को स्मार्ट सिटी बनाना है तो इसका ध्यान रखना होगा। स्मार्ट सिटी के मानकों में 13 बिंदु हैं, जिसमें पर्यावरण सबसे ऊपर है। सर्दियों में हवा ऊपर नहीं जा पाती है। उसका फैलाव नहीं होने की वजह से वह वातावरण में ही बनी रहती है। वातावरण में नमी होने की वजह से सभी प्रदूषित कण चिपके रहते हैं। यह महीन कण हमारे फेफड़ों में पहुंचते हैं और लोगों को खांसी और गले की समस्या का सामना करना पड़ रहा है। प्रदूषण की परेशानियों से बचने के लिए सजगता जरूरी है। शहर स्मोक टावर बनवाया जाना जरूरी है।
इनडेक्स...
तारीख एक्यूआई
30 नवंबर 124
एक दिसंबर 205
दो दिसंबर 249
तीन दिसंबर 288
चार दिसंबर 399
नोट... बुधवार को यह आंकड़े नेशनल एयर क्वालिटी इंडेक्स से लिए गए हैं।
शहर वायु गुणवत्ता सूचकांक
मुरादाबाद 399
पटना 388
बागपत 379
मेरठ 376
दिल्ली 370
पानीपत 364
गाजियाबाद 363
मुजफ्फरपुर 354
यमुना नगर 348
वाराणसी 346
कानपुर 341
लखनऊ 339
ग्रेटर नोएडा 339