कांठ। खनन परिवहन में लगे डंपरों की धरपकड़ के लिए क्षेत्र में लगातार अभियान जारी है। इसी क्रम में पुलिस ने दो और डंपरों को पकड़कर सीज किए जाने की कार्रवाई की है। साथ ही डंपरों के कांठ क्षेत्र में संचालन का समय भी निर्धारित करते हुए पुलिस ड्यूटी लगाई गई है।
उत्तराखंड से रेत, बजरी, बजरफुट आदि लेकर सड़कें पर दौड़ रहे डंपर हर रोज कहीं न कहीं हादसों का कारण बन रहे हैं। वहीं क्षेत्र में मिट्टी के खनन परिवहन में लगे डंपरों से भी हादसे हो रहे हैं। 26 मई को कांठ थाना क्षेत्र की सीमा के पास थाना अमरोहा देहात के गांव छावी में तेज रफ्तार एक डंपर यहां स्थित मंदिर में घुस गया था। जिससे मंदिर में उपस्थित कई श्रद्धालुओं की मौत थी और कई गंभीर घायल हो गए थे। इसके बाद से डंपरों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है। चार दिनों में आठ डंपर पकड़े जा चुके हैं। रविवार को भी अभियान के दौरान दो और डंपरों को सीज किए जाने की कार्रवाई की गई। वहीं थाना प्रभारी निरीक्षक कांठ सुदेश पाल सिंह ने बताया कि डंपरों के कांठ क्षेत्र से निकलने का समय निर्धारित किया गया है। उन्होंने बताया कि जो डंपर उत्तराखंड से रेत, बजरी, बजरफुट आदि सामग्री लेकर आते हैं, वह अब रात नौ से सुबह छह बजे तक चलेंगे।
डंपर चालक ने खनन अधिकारी को दी थी जान से मारने की धमकी
कांठ। 28 मई को कांठ में खूंटखेड़ा खनन चेक पोस्ट पर चेकिंग कर रहे खनन अधिकारी राघवेंद्र सिंह को रुकने का इशारा करने पर एक डंपर चालक ने गालियां देते हुए जान से मारने की धमकी दी थी। साथ ही वह सरकारी कार्य में बाधा डालकर डंपर लेकर मौके से भाग गया था। लेकिन बाद में खनन अधिकारी ने पुलिस की मदद से चालक को डंपर को पकड़ लिया था। खनन अधिकारी ने इस मामले में डंपर चालक अनिल निवासी ग्राम आवावकरपुर थाना भोजपुर के खिलाफ सात संगीन धाराओं में एफआईआर दर्ज कराई थी। पुलिस ने डंपर चालक को न्यायालय में पेश भी किया था, लेकिन वहां से उसे जमानत दे दी गई थी। -