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कोरोना संक्रमित की मौत पर टीएमयू में हंगामा, सुरक्षा कर्मियों से हाथापाई, पथराव की कोशिश

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पाकबड़ा। दिल्ली रोड स्थित टीएमयू एल थ्री कोविड अस्पताल में कोरोना संक्रमित बुजुर्ग की मौत होने पर बुजुर्ग के परिजनों ने शुक्रवार को जमकर हंगामा किया। परिवारजनों और सुरक्षा कर्मियों के बीच कहासुनी के बाद हाथापाई हो गई। आरोप है कि आक्रोशित परिवारजनों ने पथराव की कोशिश की। पुलिस ने अस्पताल पहुंचकर बमुश्किल मामला शांत कराया।
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पुलिस के मुताबिक चार दिन पहले रामपुर सिविल लाइंस के डीपी कालोनी निवासी कोरोना संक्रमित बुजुर्ग की टीएमयू में मौत हो गई थी। बुजुर्ग रामपुर जिला अस्पताल से रेफर होकर आए थे। उनकी हालत नाजुक थी। परिवारजन शुक्रवार को बुजुर्ग की कोरोना की पॉजिटिव रिपोर्ट लेने अस्पताल पहुंचे। बुजुर्ग एंटीजन सैंपल में पॉजिटिव आए थे। आरोप है कि रिपोर्ट से संबंधित कागज नहीं मिलने पर परिवारजनों ने हंगामा कर दिया। परिजनोें ने यहां की सीसीटीवी फुटेज भी मांगी और कहा कि उन्हें यह देखना है कि वास्तव में उनका कैसा उपचार हो रहा था? वहां तैनात सुरक्षाकर्मियों ने परिवारजनों को समझाने की कोशिश की। इस पर परिजनों की सुरक्षा कर्मियों से हाथापाई हो गई। अस्पताल प्रशासन ने आक्रोशित परिवारजनों को समझाने की कोशिश की। इतने में एक सुरक्षाकर्मी ने मृतक के परिजनों के साथ मारपीट कर दी। उसके बाद मामला अधिक बिगड़ गया। आरोप है कि परिवारजनों ने अस्पताल में तोड़फोड़ करने भी कोशिश की। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और हंगामा करने वालों को शांत कराया। पुलिस ने सुरक्षाकर्मियों को भी जमकर फटकार लगाई। बाद में परिजन यहां से चले गए
- बेहद गंभीर हालत में बुजुर्ग अस्पताल में भर्ती हुए थे। उनका आक्सीजन लेवल 50 से 60 फीसदी था। रामपुर जिला अस्पताल से रेफर आए थे। टीएमयू में भर्ती होते ही वेंटिलेटर पर रखा गया, लेकिन उनकी जान नहीं बचाई जा सकती। शुक्रवार को बुजुर्ग के परिवारजन अस्पताल में आए। परिवार के किसी सदस्य के साथ आकस्मिक दुर्घटना हो जाती है तो परिवारजनों का गुस्सा होना स्वाभाविक है। अस्पताल में किसी तरह की मारपीट और हंगामा नहीं हुआ। - डा. वीके सिंह, नोडल अधिकारी टीएमयू
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- इन बुजुर्ग को हमने बचाने की पूरी कोशिश की पर हालत खराब होने के कारण उनकी मौत हो गई। उनके परिजन यहां आए जो बेहद आक्रामक मुद्रा में थे। हमने उन्हें लाख समझाया पर वे नहीं मान रहे थे। पुलिस भी मौके पर आ गई थी। बाद में उनकी मांग पह हमने उन्हें इलाज संबंधी दस्तावेज मुहैया करा दिए- विपिन जैन, निदेशक टीएमयू
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