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नवरात्र आज से, मंदिरों में गूंजेंगे माता के जयकारे

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मुरादाबाद। चैत्र नवरात्र मंगलवार से शुरू हो रहे हैं, जिसे लेकर मंदिरों में तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। सामाजिक दूरी की अनुपालना को लेकर मंदिरों में पहले की तरह विशेष व्यवस्था की है। ज्योतिषाचार्य पंडित ऋषिकेश शुक्ल ने बताया कि मंगलवार सुबह घट स्थापना (कलश स्थापना) का शुभ मुहूर्त पांच बजकर 28 मिनट से दस बजकर 28 मिनट बजे तक है। इस समय अनुष्ठान करना बेहद शुभ माना गया है। इस मुहूर्त में कलश की स्थापना नहीं कर पाए तो सुबह 11 बजकर 56 मिनट से 12 बजकर 47 बजे तक अभिजीत मुहूर्त में कलश की स्थापना की जा सकती है। नवरात्र के प्रथम दिन घट स्थापना की जाती है। इसके साथ ही नवरात्र का पर्व आरंभ हो जाता है। नवरात्र में कलश स्थापना यानि घट स्थापना शुभ मुहूर्त में करना चाहिए।
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उन्होंने बताया कि इस नवरात्र में माता रानी घोड़े पर सवार होकर के आ रही हैं। यह नवरात्र पूर्ण नौ दिन का है। हवन एवं पारण दिनांक 21अप्रैल को दोपहर 12 बजकर पांच मिनट से लेकर सांय कालीन सात बजे तक किया जाएगा। नवरात्र में मां दुर्गा के 9 स्वरूपों की पूजा की जाती है। नवरात्र में नियमों का पालन महत्वपूर्ण माना गया है। नवरात्र में विधि पूर्वक पूजा करने से मां दुर्गा की विशेष कृपा प्राप्त होती है। चैत्र नवरात्र में मां की पूजा करने से जीवन में आने वाली परेशानियों से मुक्ति मिलती है। वहीं सुखए समृद्धि और जीवन में शांति बनी रहती है।
इस तरह करें घट स्थापना
घट स्थापना के लिए मिट्टी के पात्र में सात प्रकार के अनाज बोए जाते हैं। इसके उपरांत पात्र के ऊपर कलश की स्थापना करें। कलश में जल भरें। इसमें गंगाजल भी मिलाएं। कलश पर कलावा बांधें। कलश के मुख पर आम या अशोक के पत्ते रख दें। फिर जटा नारियल को कलावा को बांध दें। लाल कपड़े में नारियल को लपेट कर कलश के ऊपर रखें एवं दुर्गा सप्तशती का नियमित पाठ करें तो सभी मनोकामनाएं पूर्ण होगी एवं शुभ एवं कल्याणकारी होगा।
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मंदिरों में की गई सैनिटाइजर की व्यवस्था
श्रद्धालुओं की सबसे अधिक भीड़ काली माता मंदिर लालबाग में रहती है। मुख्य पुजारी अभय गिरी महाराज ने बताया कि श्रद्धालुओं को कोरोना संक्त्रस्मण से बचाने के लिए सैनिटाइजर की व्यवस्था की गई है। इसके अलावा सभी श्रद्धालुओं को मास्क पहनना अनिवार्य है। मंदिर के सेवादारों द्वारा शारीरिक दूरी का भी पालन करवाया जाएगा। प्राचीन सिद्ध पीठ श्री काली माता मंदिर के महंत रामगिरी महाराज ने बताया कि मंदिर में एक एक कर श्रद्धालुओं को प्रवेश दिया जाएगा। शयन आरती साढ़े नौ बजे की जाएगी। श्री मनोकामना हनुमान मंदिर रेलवे कॉलोनी में श्रद्धालुओं को कोरोना संक्त्रस्मण से बचाने के लिए घंटों को ढक दिया गया हैए ताकि श्रद्धालु गोल घेरों में खड़े होकर सिर्फ माता रानी के दर्शन कर सकें और वह घंटा नहीं बजाएं। मंदिर में तापमान की जांच के बाद ही श्रद्धालुओं को प्रवेश मिल सकेगा। इसके अलावा माता मंदिर लाइनपारए दुर्गा मंदिर कोर्ट रोडए श्री प्राचीन शिव मंदिर झंझारपुर आदि में भी कोविड-19 के दिशा निर्देशों के हिसाब से तैयारियां की गई हैं।
माता रानी की पूजा के लिए खरीदी सामग्री
सोमवार को पूजा और व्रत के समान की दुकानों पर भीड़ रही। श्रद्धालुओं ने पान के पत्ते और फूलों की खरीदारी की। कटरा नाज, नवीन नगर, बाजार गंज, बुद्धि विहार, लाइनपार, जीएमडी रोड स्थित दुकानों से खरीदारी की। दुकानदार संदीप कुमार ने बताया कि जौ, तिल का तेल, जायफल, लौंग, सुपारी, कमलगट्टा गूगल, कपूर, काले तिल आदि के पैकेट बना दिए हैं। यह पांच रुपये से 20 तक में हैं। माता की चुनरी दस से 150 तक की है। दुकानदार संजीव अग्रवाल ने बताया कि ज्यादातर लोगों ने नवरात्र की तैयारियां पिछले दिनों ही कर ली थी राशन के साथ वह पूजा का सामान भी ले गए हैं व्रत के लिए साबूदाना, सिंघाड़े और कूटू का आटाए तिल के लड्डू, पापड़ ज्यादा पसंद किए जा रहे हैं।
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