सांसद आजम खां के जौहर ट्रस्ट को दस हजार से अधिक लोगों ने चंदा दिया है। 72 बड़े दानदाता हैं, बाकी छोटे-छोटे। यह लिस्ट और लंबी हो सकती है। भाजपा नेता आकाश सक्सेना ने यह खुलासा किया है। वह यह लिस्ट ईडी (प्रवर्तन निदेशालय) को सौंपेंगे। ऐसे में ईडी के पास नाम जाने से आजम खां समेत इन चंदा देने वाले लोगों की मुश्किलें भी बढ़ सकती हैं।
प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने लखनऊ में सांसद आजम खां के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की है। इसके साथ ही आरोप यह भी है कि आजम खां के जौहर ट्रस्ट के जरिए जौहर यूनिवर्सिटी में देश-विदेश से भी पैसा लाकर लगाया गया है। इसके अलावा देश में तमाम क्षेत्रों के लोगों ने जौहर ट्रस्ट को बड़े पैमाने पर चंदा दिया है। आरोप है कि वित्तीय लेनदेन में बड़े पैमाने पर नियमों की अनदेखी की गई है। सरकार को भी गुमराह किया गया है।
ऐसे में उन लोगों की मुश्किलें बढ़ सकती हैं, जिन्होंने जौहर ट्रस्ट एवं मोहम्मद अली जौहर विश्वविद्यालय को चंदा दिया है। क्योंकि, चंदा देने वालों में कई सफेदपोश भी शामिल हैं। इसके अलावा विभिन्न क्षेत्रों से जुड़े लोगों के नाम भी हैं। कई तो ऐसे लोगों के नाम हैं, जिनकी हैसियत चंदा देने की नहीं है लेकिन इसके बाद भी उन्होंने ट्रस्ट को बड़े पैमाने पर चंदा दिया है।
फिलहाल ऐसे दस हजार से अधिक लोग हैं, जिनके नाम सामने आ चुके हैं। इनमें रामपुर, मुरादाबाद, संभल, चंदौसी, अलीगढ़, बुलंदशहर, लखनऊ, आजमगढ़ समेत प्रदेश के हर जिले के लोग हैं। भाजपा लघु उद्योग प्रकोष्ठ के क्षेत्रीय संयोजक आकाश सक्सेना ने बताया कि लिस्ट में 72 नाम ऐसे हैं, जिन्होंने सबसे अधिक चंदा दिया है। इसमें नियमों की भी अनदेखी की गई है।
बताया कि जल्द ही लिस्ट जिलाधिकारी के जरिए ईडी को भेजी जाएगी। ऐसे में ईडी की चंदा देने वालों से इसे बारे में जानकारी हासिल कर सकती है।