पैसे नहीं सामान बताकर बात करना
मो.रफी ने बताया कि जिला खनन अधिकारी के कहने पर वह बाबू शाहरूख पाशा से बात करने पहुंचे। तब शाहरूख ने बातचीत तय होने के बाद कहा कि वह जब यहां पैसे देने आए तो पैसे शब्द का इस्तेमाल न करें। कुछ सामान लेकर आया हूं कहना और मैं रकम ले लूंगा। हालांकि, यह चालाकी काम नहीं आई और एंटी करप्शन टीम ने बाबू को दबोच लिया।