फोटो 2,3,4 ठाकुरद्वारा नगर में बारिश के दौरान सड़क का नजारा संवाद
ठाकुरद्वारा। मंगलवार को दूसरे दिन भी जमकर बारिश हुई। दो दिन से दिन रात लगातार हो रही भारी से बारिश से जनजीवन प्रभावित हो गया है। सुबह 8:00 बजे तक 24 घंटे में 48 मिमी बारिश रिकार्ड की गई है। खो बैराज से रामगंगा नदी में 72 हजार क्यूसेक पानी छोड़ गया है। इससे रामगंगा नदी में बाढ़ आ सकती है। प्रशासन ने राम गंगा और ढेला नदी पर बनी सभी बाढ़ चौकियां को अलर्ट पर कर दिया है।
तहसील में स्थित बाढ़ कंट्रोल रूम से स्थिति पर नजर रखी जा रही है। बारिश के दौरान गांव लालापुर पीपलसाना में कैलाश सिंह और नवनीत कुमार के कच्चे घर गिर गए। कोई जान माल का नुकसान नहीं हुआ लेकिन दोनों घरों में रखा करीब दो लाख रुपये का घरेलू सामान मलबे में दबकर नष्ट हो गया। तहसीलदार ने लेखपाल को मौके पर जाकर घटना की रिपोर्ट भेजने को कहा है। रविवार की रात से शुरू हुई बारिश मंगलवार को भी पूरे दिन लगातार होती रही। बारिश के कारण स्कूलों में बच्चे बहुत कम संख्या में पहुंचे जिस पर रैनी डे कर दिया गया।
वही सरकारी दफ्तर में भी लोग कम संख्या में नजर आए। सीएचसी पर आने वाले मरीजों की संख्या घटकर आधी 200 रह गई। बारिश के कारण नगर की सड़कों पर जल भराव जैसी स्थिति हो गई। जरूरी कार्यों को निपटने के लिए लोगों को छाते लेकर सड़कों पर चलना पड़ा। बाढ़ खंड विभाग के जेई अरविंद कुमार ने बताया कि मंगलवार को खो बैराज से रामगंगा नदी में 72000 क्यूसेक पानी छोड़ा गया है जो बुधवार को क्षेत्र में पहुंचेगा। यदि ज्यादा पानी छोड़ा गया तो स्थिति खराब हो सकती है। रामगंगा और ढेला नदी का जलस्तर भी भारी बारिश के कारण तेजी से बढ़ रहा है। एसडीएम प्रीति सिंह ने बताया कि किसी अप्रिय घटना की जानकारी नहीं मिली है दोनों नदियों पर 12 बाढ़ चौकियों को सतर्क कर दिया गया है। स्थिति पर नजर रखी जा रही है। देर रात फिर से बारिश शुरू हो गई। जिससे सड़कों पर पानी भर गया।